गोरखपुर, 1 दिसंबर: राष्ट्रीय पुस्तक न्यास (National Book Trust) के तत्वाधान में आयोजित “गोरखपुर पुस्तक महोत्सव” का उद्घाटन उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने किया। इस अवसर पर सिद्धिविनायक मंदिर ट्रस्ट, मुंबई के कोषाध्यक्ष आचार्य पवन त्रिपाठी विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।
कार्यक्रम में लोकसभा सांसद रवि किशन शुक्ल, राष्ट्रीय पुस्तक न्यास के चेयरमैन मिलिंद मराठे, निदेशक युवराज मलिक, गोरखपुर विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. पूनम टंडन, वरिष्ठ प्रशासक अवनीश अवस्थी, विधायक प्रदीप शुक्ल, पूर्व मंत्री श्रीराम चौहान, विधायक विपिन सिंह, विमलेश पासवान और सरवन निषाद सहित कई गणमान्य अतिथियों की गरिमामयी उपस्थिति रही।
उद्घाटन समारोह में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि “पुस्तकें समाज की चेतना को जीवित रखती हैं और एक सशक्त राष्ट्र निर्माण का आधार बनती हैं। गोरखपुर पुस्तक महोत्सव इस दिशा में एक प्रेरक पहल है।”
आचार्य पवन त्रिपाठी ने अपने वक्तव्य में कहा कि “पुस्तकें केवल ज्ञान का साधन नहीं, बल्कि संस्कृति, मूल्य और परंपरा को आगे बढ़ाने का माध्यम हैं। ऐसे आयोजन भारतीय चिंतन को नई ऊर्जा देते हैं।”
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों, लेखकों और प्रकाशकों ने साहित्य और संस्कृति पर संवाद किया। महोत्सव में देशभर से आए प्रकाशकों और लेखकों ने अपनी पुस्तकों का प्रदर्शन किया, जिससे विश्वविद्यालय का परिसर ज्ञान और संस्कृति का केंद्र बन गया।

