मुंबई: मुंबई में यातायात जाम की पुरानी समस्या को दूर करने और शहर के उत्तर-दक्षिण संपर्क को सुदृढ़ बनाने के लिए एक बड़ी घोषणा की गई है। उत्तन-विरार समुद्री पुल परियोजना को अब वधावन बंदरगाह तक विस्तारित किया जाएगा। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की अध्यक्षता में मंत्रालय में हुई बुनियादी ढाँचा कैबिनेट समिति की बैठक में इस प्रस्ताव को मंजूरी दी गई।
🌉 मुंबई के उत्तर-दक्षिण संपर्क को नई दिशा
मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा कि उत्तन-विरार समुद्री पुल परियोजना की कुल लंबाई 55.12 किलोमीटर होगी। इसमें मुख्य समुद्री पुल 24.35 किलोमीटर लंबा होगा। इसके साथ ही,
- 9.32 किमी उत्तन लिंक रोड,
- 2.5 किमी वसई लिंक रोड, और
- 18.95 किमी विरार लिंक रोड
का भी निर्माण किया जाएगा।
इसके अलावा, इस सड़क को वधावन बंदरगाह तक जोड़ने के लिए एक नई संपर्क सड़क विकसित की जाएगी, जिससे यह परियोजना न केवल मुंबई बल्कि पालघर ज़िले के तटीय इलाकों के लिए भी विकास का मार्ग प्रशस्त करेगी।
🛣️ मुंबई का ट्रैफिक नेटवर्क होगा सुगम
फडणवीस ने कहा कि वर्तमान में मुंबई की प्रमुख सड़कें — वेस्टर्न एक्सप्रेस हाईवे, एस.वी. रोड और लिंक रोड — अपनी क्षमता से अधिक यातायात वहन कर रही हैं। इस समुद्री पुल और लिंक रोड के निर्माण से शहर के उत्तर से दक्षिण तक आवागमन आसान होगा और दैनिक ट्रैफ़िक जाम में बड़ी राहत मिलेगी।
🏗️ मुंबई के अन्य प्रमुख प्रोजेक्ट्स भी गति पर
बैठक में बताया गया कि मुंबई में उत्तर-दक्षिण सड़क संपर्क परियोजना का कार्य तीव्र गति से चल रहा है।
- साउथ कोस्ट रोड,
- बांद्रा-वर्ली सी लिंक, और
- अटल सेतु (मुंबई ट्रांस हार्बर लिंक) का कार्य पूर्ण हो चुका है।
वहीं,
- ऑरेंज गेट सुरंग,
- वर्सोवा-बांद्रा सी ब्रिज,
- नॉर्थ कोस्ट रोड,
- सेवरी-वर्ली एलिवेटेड रोड, और
- दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे कनेक्शन
का कार्य प्रगति पर है।
🌆 यातायात सुधार और विकास की नई दिशा
उत्तन-विरार सी ब्रिज और विरार-अलीबाग बहुउद्देशीय कॉरिडोर जैसे प्रोजेक्ट्स के पूरा होने पर मुंबई महानगर क्षेत्र का संपूर्ण यातायात नेटवर्क आधुनिक और कुशल बनेगा। इन परियोजनाओं से न केवल यात्रा समय घटेगा, बल्कि आर्थिक गतिविधियों को भी नई गति मिलेगी।

