मुंबई (धारावी)।
विद्यार्थियों की छिपी प्रतिभाओं को मंच प्रदान करने और उनके अंतर्निहित कला-गुणों को निखारने के उद्देश्य से महात्मा फुले एजुकेशन ट्रस्ट की ओर से आयोजित वार्षिक स्नेह सम्मेलन ‘उड़ान–2026’ का भव्य और रंगारंग आयोजन शनिवार शाम ट्रस्ट के पीएमजी कॉलोनी, धारावी स्थित प्रांगण में उत्साहपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ।
कार्यक्रम की शुरुआत शारदा माता के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन से की गई, जबकि बच्चों ने गणेश वंदना प्रस्तुत कर समारोह का शुभारंभ किया।

समसामयिक मुद्दों पर आधारित प्रस्तुतियों ने बांधा समां
राजे शिवाजी विद्यालय, छत्रपति शिवाजी महाराज विद्यालय (मराठी, हिंदी, उर्दू एवं अंग्रेजी माध्यम) तथा मनोहर जोशी महाविद्यालय के विद्यार्थियों ने इस अवसर पर अपनी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन किया।
कार्यक्रम में:
- राष्ट्रीय एकता पर आधारित कव्वाली
- सावित्रीबाई फुले के कन्या शिक्षा अभियान
- नारी शक्ति
- वृद्धाश्रमों का बढ़ता चलन
- मोबाइल की बढ़ती लत
जैसे समसामयिक और सामाजिक विषयों पर आधारित प्रभावशाली सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दी गईं, जिन्हें दर्शकों से भरपूर सराहना मिली।

शिक्षा, समाज और प्रशासन के गणमान्य अतिथि रहे मौजूद
वार्षिक स्नेह सम्मेलन में
मुख्य अतिथि आयकर अधिकारी रामकृष्ण झा उपस्थित रहे।
विशेष अतिथियों में:
- ‘दोपहर का सामना’ के उप-संपादक संदीप पांडेय
- स्थानीय नगरसेविका आशा काले
- धारावी पुलिस स्टेशन के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक राजू बिडकर
- डब्ल्यूपीपी स्वयंसेवी संस्था की रमा मैडम
तथा ट्रस्ट के अध्यक्ष एवं पूर्व विधायक बाबूराव माने प्रमुख रूप से शामिल हुए।
विद्यार्थियों को किया गया सम्मानित
इस अवसर पर ट्रस्ट अध्यक्ष बाबूराव माने ने विद्यार्थियों की हौसलाअफजाई करते हुए कहा कि शिक्षा के साथ-साथ कला, संस्कृति और खेलों में भागीदारी बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए आवश्यक है।
वर्षभर शिक्षा, कला और खेल के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को पुरस्कार एवं पारितोषिक प्रदान कर सम्मानित किया गया।
शिक्षक, अभिभावक और ट्रस्ट पदाधिकारी रहे उपस्थित
कार्यक्रम में ट्रस्ट के सचिव दिलीप शिंदे, कोषाध्यक्ष प्रमोद माने, मुख्याध्यापिका वीणा दोनवलकर, अंग्रेजी माध्यम की प्रिंसिपल व ट्रस्टी मेंबर स्वाती होलमुखे, प्राथमिक विभाग की प्रिंसिपल सौ. श्रद्धा माने, मनोहर जोशी महाविद्यालय की प्राचार्या मृणाल रसाल, समस्त शिक्षकवृंद, शिक्षकेतर कर्मचारी तथा बड़ी संख्या में अभिभावक उपस्थित रहे।
सांस्कृतिक संध्या ने छोड़ी यादगार छाप
शानदार नृत्य, प्रभावशाली कव्वाली और सामाजिक संदेशों से सजी प्रस्तुतियों ने उपस्थित कला-प्रेमियों को मंत्रमुग्ध कर दिया। कार्यक्रम के समापन पर दर्शकों ने तालियों की गड़गड़ाहट के साथ विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन किया।

