ठाणे | संवाददाता: वरिष्ठ समाजसेवी और भाजपा राष्ट्रीय परिषद के पूर्व सदस्य ओमप्रकाश शर्मा की धर्मपत्नी उमादेवी शर्मा के निधन के बाद उनकी स्मृति में एक सराहनीय पहल की गई है। शर्मा परिवार ने उनकी मालिकी की जमीन गोशाला के लिए दान (Bhoodan) करने का निर्णय लिया है।

बताया गया कि उमादेवी शर्मा अपने जीवनकाल में सामाजिक और धार्मिक गतिविधियों में काफी सक्रिय रहती थीं। उनके निधन के बाद उनके सामाजिक उद्देश्यों को आगे बढ़ाने और समाज सेवा की भावना को जीवित रखने के लिए उनकी जमीन गोशाला के लिए दान करने का फैसला लिया गया है।
यह जमीन पालघर जिले के वाडा तालुका में स्थित है, जहां ‘उमादेवी ओमप्रकाश शर्मा स्मृति मधुवन गोशाला’ की स्थापना की जाएगी। इस गोशाला का उद्देश्य बेसहारा, बीमार और कमजोर गोमाताओं की देखभाल और उपचार की सेवा करना होगा।
उमादेवी शर्मा ने ठाणे में महिलाओं का एक समूह बनाकर गणगौर पूजा जैसे सांस्कृतिक और धार्मिक कार्यक्रमों की शुरुआत भी की थी। उनके साथ कार्य करने वाली महिला सहयोगियों ने भी इस पहल का समर्थन करते हुए खुशी व्यक्त की है।
इस अवसर पर उनकी सहयोगी रही महिला दल की सदस्य सुमन अत्री, डॉ. सविता इंदौरिया, रमा गौड़, सुलोचना शर्मा, संतोष सैनी, सुलोचना डोकवाल, सुमन शर्मा, बिंदु भोमिया, प्रेम शर्मा, बबली शर्मा, मनीषा शर्मा, रंजना गुप्ता, रीना शर्मा, मंजू भिंडा, सविता भिंडा, देवी ओझा और विमला मिश्रा सहित अन्य महिलाओं ने इस निर्णय की सराहना की।
परिजनों ने बताया कि आज के समय में जहां जमीन के लिए लोग आपसी रिश्तों को भी भूल जाते हैं, वहीं विनोबा भावे की भूदान परंपरा को ध्यान में रखते हुए यह निर्णय लिया गया है।
शर्मा परिवार लंबे समय से सामाजिक, राजनीतिक और धार्मिक क्षेत्रों में निःस्वार्थ भाव से कार्य करता रहा है। उमादेवी शर्मा की स्मृति में शुरू की जा रही यह पहल समाज सेवा और गौसेवा के क्षेत्र में एक प्रेरणादायक कदम मानी जा रही है।

