Stock Market: वैश्विक स्तर पर सकारात्मक संकेतों और निवेशकों की मजबूत खरीदारी के चलते सोमवार को भारतीय शेयर बाजार में शानदार तेजी दर्ज की गई। बीएसई का सेंसेक्स 736 अंक की बढ़त के साथ तीन सप्ताह के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया, जबकि निफ्टी भी मजबूती के साथ बंद हुआ।
कारोबार की शुरुआत से ही बाजार में उत्साह देखने को मिला। सेंसेक्स मजबूत बढ़त के साथ खुला और शुरुआती सत्र में 1,200 अंक से अधिक उछल गया। हालांकि बाद में कुछ मुनाफावसूली देखने को मिली, फिर भी सूचकांक 736.38 अंक यानी 0.97 प्रतिशत की बढ़त के साथ 76,264.33 अंक पर बंद हुआ। वहीं एनएसई का निफ्टी 231 अंक चढ़कर 23,853.90 अंक पर पहुंच गया।
बाजार में तेजी की मुख्य वजह अमेरिका और ईरान के बीच संभावित शांति समझौते की खबर रही। समझौते के तहत क्षेत्रीय तनाव कम करने, विभिन्न मोर्चों पर संघर्ष रोकने और वैश्विक व्यापार के लिए महत्वपूर्ण होर्मुज जलडमरूमध्य को खुला रखने पर सहमति बनने की खबरों ने निवेशकों का भरोसा बढ़ाया।
सकारात्मक वैश्विक माहौल का असर घरेलू बाजार पर भी दिखाई दिया। रियल एस्टेट, ऑटोमोबाइल, वित्तीय सेवाएं, धातु तथा तेल एवं गैस क्षेत्रों में अच्छी खरीदारी हुई। रियल्टी सेक्टर सबसे अधिक लाभ में रहा, जबकि उपभोक्ता टिकाऊ वस्तुओं से जुड़े शेयरों में भी मजबूत तेजी दर्ज की गई।
मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भी निवेशकों की दिलचस्पी बनी रही। व्यापक बाजार में अधिकांश कंपनियों के शेयर बढ़त के साथ बंद हुए, जिससे निवेशकों का सकारात्मक रुख स्पष्ट नजर आया।
सेंसेक्स में शामिल कंपनियों में ट्रेंट, इंटरग्लोब एविएशन (इंडिगो), बजाज फिनसर्व, अल्ट्राटेक सीमेंट, मारुति सुजुकी और महिंद्रा एंड महिंद्रा के शेयरों में उल्लेखनीय तेजी रही। इसके अलावा रिलायंस इंडस्ट्रीज, इंफोसिस, टाइटन, भारती एयरटेल और एक्सिस बैंक के शेयर भी मजबूत बने रहे।
दूसरी ओर एनटीपीसी, आईसीआईसीआई बैंक, हिंदुस्तान यूनिलीवर और अडानी पोर्ट्स जैसे कुछ शेयरों में सीमित गिरावट दर्ज की गई।
वैश्विक बाजारों में भी उत्साह का माहौल रहा। एशियाई शेयर बाजारों में जापान, चीन और हांगकांग के प्रमुख सूचकांक बढ़त के साथ बंद हुए, जबकि यूरोप के प्रमुख बाजारों में भी कारोबार के दौरान सकारात्मक रुख देखने को मिला।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि वैश्विक स्तर पर भू-राजनीतिक तनाव में कमी बनी रहती है और विदेशी निवेशकों की खरीदारी जारी रहती है, तो आने वाले दिनों में भारतीय शेयर बाजार में तेजी का रुख बरकरार रह सकता है।

