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  • 2026 Vision AI TV Series: सैमसंग ने लॉन्च की 2026 विज़न एआई टीवी सीरीज!

    2026 Vision AI TV Series: सैमसंग ने लॉन्च की 2026 विज़न एआई टीवी सीरीज!

    2026 Vision AI TV Series: सैमसंग ने अपना नया 2026 विज़न एआई टीवी लाइनअप लॉन्च किया है, जिसमें माइक्रो आरजीबी, ओएलईडी, नियो क्यूएलईडी, द फ्रेम, मिनी एलईडी और यूएचडी टीवी शामिल हैं। कंपनी ने सभी मॉडलों में एआई फीचर्स को और बेहतर बनाया है, जिससे यूजर्स को शानदार पिक्चर, बेहतर साउंड और पर्सनलाइज्ड व्यूइंग एक्सपीरियंस मिलेगा।

    विप्लेश डांग ने कहा कि नए विज़न एआई टीवी भारतीय ग्राहकों के लिए मल्टीलिंगुअल सपोर्ट, लोकल कंटेंट प्लेटफॉर्म्स और ऊर्जा-कुशल तकनीक के साथ बेहतर अनुभव देंगे।

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    नई सीरीज में एआई अपस्केलिंग प्रो, कलर बूस्टर प्रो, एआई सॉकर मोड और एआई साउंड कंट्रोलर प्रो जैसे स्मार्ट फीचर्स दिए गए हैं, जो फिल्मों, स्पोर्ट्स और गेमिंग के अनुभव को और बेहतर बनाते हैं।

    कंपनी ने भारत में पहली बार माइक्रो आरजीबी टीवी भी पेश किए हैं, जो 55 इंच से 115 इंच तक के साइज में उपलब्ध होंगे। इसके अलावा नई ओएलईडी सीरीज में S95H, S90H और S85H मॉडल शामिल हैं।

    यह नई टीवी रेंज रिटेल स्टोर्स और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर बिक्री के लिए उपलब्ध है। लॉन्च ऑफर में ग्राहकों को फ्री साउंडबार, कैशबैक और आसान ईएमआई की सुविधा भी दी जा रही है।

  • Artificial Intelligence: अब एआई बताएगा टिकट कंफर्म होगा या नहीं, 40 साल पुरानी रेलवे आरक्षण प्रणाली में बड़ा बदलाव!

    Artificial Intelligence: अब एआई बताएगा टिकट कंफर्म होगा या नहीं, 40 साल पुरानी रेलवे आरक्षण प्रणाली में बड़ा बदलाव!

    Artificial Intelligence: भारतीय रेलवे का 40 साल पुराना यात्री आरक्षण प्रणाली पूरी तरह से बदल जाएंगी और नयी प्रणाली आपको कृत्रिम बुद्धिमता (एआई) की मदद से बताने लगेगी कि आपका वेटिंग टिकट कंफर्म होगा या नहीं। इस सिलसिले में रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने गुरुवार को यहां स्थित रेल भवन में अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे इस बात का ख्याल रखें कि उन्नत प्रणाली पर गाड़ियों के स्थानांतरण के समय यात्रियों को परेशानी न हो।

    इस बैठक में रेल राज्य मंत्री वी. सोमन्ना और रवनीत सिंह बिट्टू भी उपस्थित थे। रेलवे की ओर से गुरुवार को जारी विज्ञप्ति के अनुसार 1986 में शुरू हुई इस प्रणाली में पिछले 40 साल में कई छोटे बदलाव किए गये हैं, लेकिन अब इसमें आमूलचूल परिवर्तन किया गया है। अत्याधुनिक तकनीक का इस्तेमाल कर इसके क्षमता का विस्तार किया गया है।

    रेलवे के अनुसार रेल आरक्षण प्रणाली ने कई महत्वपूर्ण पड़ाव देखे हैं। वर्ष 2002 में भारतीय रेलवे ने टिकटिंग में इंटरनेट का प्रयोग शुरू किया। आज यह प्रणाली इतनी लोकप्रिय है कि देश की ज्यादातर आबादी खिड़की की ओर रुख नहीं करती। मौजूदा समय में देश में लगभग 88 प्रतिशत टिकट ऑनलाइन माध्यम से बुक किये जाते हैं।

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    वहीं, भारतीय रेल का मोबाइल ऐप रेलवन यात्रियों के बीच बड़ी तेजी से लोकप्रिय हो रहा है। रेलवन ऐप की शुरुआत पिछले साल जुलाई में हुई थी। एक साल से कम समय में ही देशभर में अब तक 3.5 करोड़ लोग इसे डाउनलोड कर चुके हैं। रेलवे ने कहा है कि आज जब आप अपनी टिकट बनाते हैं, तो रेलवन ऐप आपको यह बताता है कि आपकी वेटिंग में दिख रही टिकट कन्फर्म होगी या नहीं।

    टिकट के कन्फर्म होने की सटीक संभावना भी अब आपको एआई के माध्यम से रेलवन ऐप बताने लगेगा। यह नई सुविधा इस साल की शुरुआत से ही लागू की गई है, जिसे लोग काफी पसंद कर रहे हैं। रेलवन ऐप पर वेटिंग टिकट के कन्फर्म होने के अनुमान की सटीकता पहले के 53 प्रतिशत से बढ़कर अब 94 प्रतिशत तक पहुँच गई है।

    यह ऐप आपको यह विकल्प देता है कि आपकी सीट तक आपका मनपसंद खाना पहुँच सके। आरामदायक एवं सेवापरक सुविधाओं से लैस यह रेलवन ऐप तेजी से लोकप्रिय हो रहा है। रेलवे ने कहा है कि रोज़ाना इस ऐप के माध्यम से देशभर में 9.29 लाख टिकटें बुक हो रही हैं। इनमें 7.2 लाख टिकटें अनारक्षित तथा अन्य 2.09 लाख आरक्षित टिकटें हैं।

    अनारक्षित टिकटों में प्लेटफॉर्म टिकट भी शामिल है। एंड्रॉयड तथा आईओएस पर रेलवन ऐप को लोग काफी पसंद कर रहे हैं। जहाँ 3 करोड़ 16 लाख लोगों ने इसे गूगल प्ले स्टोर से अब तक डाउनलोड किया है, वहीं 33.17 लाख लोगों ने इसे ऐपल फोन में डाउनलोड किया है।

    रेलवे के अनुसार देश में यात्रियों के लिए भारतीय रेल एक जीवन रेखा है। भारतीय रेल ने 2024–25 में यात्रियों के टिकटों पर 60,239 करोड़ रुपये की सब्सिडी दी। यह रेलवे पर यात्रा करने वाले प्रत्येक व्यक्ति को औसतन 43 प्रतिशत की छूट के बराबर है। दूसरे शब्दों में, यदि सेवा प्रदान करने की लागत 100 रुपये है, तो टिकट की कीमत केवल 57 रुपये है।