Tag: Monsoon

  • Ghodbunder Road Inspection: लगातार दूसरे दिन ठाणे महापौर शर्मिला पिंपळोलकर ने किया घोड़बंदर रोड का निरीक्षण, जलभराव रोकने के दिए निर्देश!

    Ghodbunder Road Inspection: लगातार दूसरे दिन ठाणे महापौर शर्मिला पिंपळोलकर ने किया घोड़बंदर रोड का निरीक्षण, जलभराव रोकने के दिए निर्देश!

    Ghodbunder Road Inspection: लगातार हो रही बारिश के बीच ठाणे महानगरपालिका की महापौर शर्मिला पिंपळोलकर ने गुरुवार को लगातार दूसरे दिन घोड़बंदर रोड क्षेत्र का दौरा कर जलभराव वाले स्थानों का निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जहां भी पानी भर रहा है, वहां तत्काल पंप लगाकर जल निकासी सुनिश्चित की जाए, ताकि नागरिकों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।

    निरीक्षण के दौरान कापूरबावड़ी स्थित पेपर प्रोडक्ट कंपनी क्षेत्र, मानपाड़ा मेट्रो स्टेशन, आनंद डी-मार्ट परिसर तथा बालकूम के महालक्ष्मी नगर क्षेत्र का दौरा किया गया। मानपाड़ा में नाले के चौड़ीकरण से जल निकासी संतोषजनक पाई गई, जबकि मेट्रो निर्माण कार्य के कारण खराब हुई सड़क को जल्द दुरुस्त करने के निर्देश एमएमआरडीए और मेट्रो अधिकारियों को दिए गए।

    बालकूम के महालक्ष्मी नगर में एक दीवार गिरने से पानी का प्राकृतिक प्रवाह बाधित होने की जानकारी मिलने पर महापौर ने मरम्मत कार्य युद्धस्तर पर पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने सभी संबंधित विभागों को संवेदनशील क्षेत्रों पर लगातार निगरानी रखने, जलभराव होते ही तत्काल निकासी की व्यवस्था करने तथा नागरिकों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए।

  • Thane Bungalow Collapses: ठाणे में कॉसमॉस बंगले की सुरक्षा दीवार ढह गई!

    Thane Bungalow Collapses: ठाणे में कॉसमॉस बंगले की सुरक्षा दीवार ढह गई!

    Thane Bungalow Collapses: यह घटना गुरुवार शाम करीब 5:25 बजे ओवाला घोड़बंदर रोड, पंखंडा गांव, ठाणे स्थित कॉसमॉस बंगले की सुरक्षा दीवार पर घटी। इस घटना में किसी के हताहत होने की खबर नहीं है।

    गुरुवार शाम को कॉसमॉस बंगले की 30 फीट ऊंची और 50 फीट लंबी सुरक्षा दीवार गिर गई। घटना की सूचना मिलते ही जूनियर इंजीनियर और लोक निर्माण विभाग के कर्मचारी मौके पर पहुंच गए।

    दीवार गिरने से बगल वाले घर के शेड की चादरें टूट गईं, जिससे मामूली नुकसान हुआ। लोक निर्माण विभाग के कर्मचारियों ने खतरे की चेतावनी वाली टेप लगाकर इलाके को घेर लिया है।

  • Meteorological Department: अगले सात दिनों में देश के दक्षिणी एवं पूर्वोत्तर हिस्सों में भारी से भारी बारिश; मौसम विभाग ने लगाया अनुमान!

    Meteorological Department: अगले सात दिनों में देश के दक्षिणी एवं पूर्वोत्तर हिस्सों में भारी से भारी बारिश; मौसम विभाग ने लगाया अनुमान!

    Meteorological Department: मौसम विभाग ने शुक्रवार को अनुमान जताया कि अगले सात दिनों में देश के दक्षिणी और पूर्वोत्तर हिस्सों में भारी से भारी बारिश (सात से 20 सेमी) हो सकती है। विभाग के विस्तृत बुलेटिन के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम मानसून अपनी सामान्य गति से आगे बढ़ते हुए आज अरब सागर के मध्य हिस्सों, गोवा, कर्नाटक और तमिलनाडु के कुछ और इलाकों के साथ-साथ दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी में प्रवेश कर गया है।

    अगले दो से तीन दिनों के भीतर इसके महाराष्ट्र, आंध्र प्रदेश और उत्तर-पूर्वी राज्यों के शेष हिस्सों में आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां पूरी तरह अनुकूल बनी हुई हैं। बुलेटिन में विभाग ने बताया कि अगले सात दिनों के दौरान केरल, माहे और कर्नाटक में छिटपुट स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश (7 से 20 सेंटीमीटर) होने का अनुमान है। विशेष रूप से केरल और माहे में छह और सात जून को अत्यधिक भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।

    इसके अतिरिक्त असम, मेघालय, अरुणाचल प्रदेश, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम, त्रिपुरा, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल, सिक्किम, कोंकण, गोवा और मध्य महाराष्ट्र में भी अगले कुछ दिनों तक भारी बारिश का दौर जारी रहेगा। दूसरी ओर, उत्तर-पश्चिम और मध्य भारत के राज्यों में आंधी-तूफान और ओलावृष्टि का संकट मंडरा रहा है। आज हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, पश्चिमी उत्तर प्रदेश, पश्चिमी मध्य प्रदेश और मध्य महाराष्ट्र के कुछ इलाकों में ओले गिरने की आशंका है।

    इसके साथ ही उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, और पूर्वी व पश्चिमी राजस्थान में 50 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज आंधी चलने का अनुमान है। राजस्थान के क्षेत्रों में धूलभरी आंधी चलने की भी चेतावनी है। देश की राजधानी दिल्ली और आसपास के क्षेत्रों में भी अगले दो दिनों तक बादल छाए रहने और 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाओं के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने के अनुमान है, जिससे तापमान में गिरावट आएगी। यहां सात जून से मौसम धीरे-धीरे साफ होने लगेगा और आठ जून को आसमान मुख्य रूप से साफ रहेगा।

    इस मौसमी बदलाव के बीच देश के कुछ हिस्सों में भीषण गर्मी का प्रकोप भी बना रहेगा। पिछले 24 घंटों में देश का सबसे अधिक तापमान महाराष्ट्र के ब्रह्मपुरी में 44.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। तटीय आंध्र प्रदेश और यानम में पांच और छह जून को तीव्र लू चलने की आशंका है, जबकि पश्चिमी राजस्थान में आठ जून से 11 जून के बीच तथा पूर्वी व पश्चिमी उत्तर प्रदेश में नौ से 11 जून के बीच एक बार फिर भीषण लू चलने की चेतावनी दी गई है। इसके साथ ही ओडिशा में पांच से नौ जून के बीच उमस भरी गर्मी का दौर जारी रहेगा।

    खराब मौसम और समुद्र में उठने वाली तेज लहरों को देखते हुए मौसम विभाग ने मछुआरों को विशेष हिदायत दी है। मछुआरों को पांच से 10 जून के बीच बंगाल की खाड़ी और अरब सागर में न जाने की सख्त सलाह दी गई है। साथ ही नौ जून को ओमान के तट और मध्य-पश्चिम अरब सागर में भी जाने से मना किया गया है। विभाग ने आम जनता को आंधी-तूफान के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहने, बिजली के उपकरणों को बंद रखने और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहने के निर्देश दिए हैं। भारी बारिश, ओलावृष्टि और तेज हवाओं से फसलों, बागों और कच्चे मकानों को नुकसान पहुँचने की आशंका के मद्देनजर किसानों को फसलों से अतिरिक्त जल निकासी सुनिश्चित करने और पशुपालकों को मवेशियों को सुरक्षित शेड में रखने की सलाह दी गई है।