भिवंडी: समाजवादी पार्टी के महाराष्ट्र प्रदेशाध्यक्ष अबू आसिम आज़मी के 30 साल के राजनीतिक और सामाजिक जीवन के सम्मान में भिवंडी में एक भव्य समारोह का आयोजन किया गया। ‘भिवंडी फर्स्ट’ के बैनर तले आयोजित इस कार्यक्रम का संयोजन पूर्व उपमहापौर अहमद सिद्दीकी और इंजीनियर जलालुद्दीन अंसारी ने किया था। समारोह में शहर की कई संस्थाओं, पूर्व नगरसेवकों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने बड़ी संख्या में भाग लिया।
कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने आज़मी के तीन दशक लंबे राजनीतिक सफर को “संघर्ष, सेवा और समर्पण की यात्रा” बताया। अपने संबोधन में आज़मी ने कहा कि उनका यह सफर “अन्याय के खिलाफ आवाज़ और जनता की सेवा” का प्रतीक रहा है। उन्होंने कहा, “भिवंडी को अब ऐसा प्रतिनिधि चाहिए जो जिताऊ भी हो और टिकाऊ भी, न कि भागने वाला।”
हालांकि, इस सम्मान समारोह में समाजवादी पार्टी के विधायक रईस शेख की गैरहाजिरी ने राजनीतिक हलकों में नई चर्चा छेड़ दी। सूत्रों के अनुसार, दोनों नेताओं के बीच पिछले कुछ समय से मतभेद चल रहे हैं। मंच से आज़मी ने बिना नाम लिए कहा, “मैंने कुछ लोगों को शून्य से उठाया, लेकिन वही लोग आज धोखा दे रहे हैं।”
बाद में पत्रकारों से बातचीत में आज़मी ने खुलकर कहा कि रईस शेख अब उनके कार्यक्रमों से दूरी बना रहे हैं। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस दूरी का असर आगामी भिवंडी महानगरपालिका चुनावों में दिख सकता है, जहां टिकट वितरण को लेकर पार्टी में गुटबाजी और बिखराव की स्थिति बन सकती है।

