Justice in Bihar: एडीजी (विधि-व्यवस्था) सुधांशु कुमार ने सोमवार को बताया कि इस वर्ष 16 मई से 20 जून यानी करीब एक महीने के दौरान 12 हजार 166 कांडों में 16 हजार 136 आरोपियों को सजा दिलाई गई है।एडीजी श्री कुमार ने पुलिस मुख्यालय सरदार पटेल भवन के सभागार में सोमवार को आयोजित प्रेस वार्ता में कहा कि बिहार में अपराधियों को नियंत्रित करने के लिए पुलिस विभाग पूरजोर तरीके से जुटा हुआ है। उन्होंने कहा कि किसी कांड या विधि-व्यवस्था को प्रभावित करने वाले मामलों में गंभीरता से पूरी तत्परता से कार्रवाई की जा रही है।
एडीजी कुमार ने बताया कि इस वर्ष 16 मई से 20 जून यानी करीब एक महीने के दौरान 12 हजार 166 कांडों में 16 हजार 136 आरोपियों को सजा दिलाई गई है। इसमें 100 व्यक्तियों को आजीवन कारावास, 44 व्यक्तियों को 10 वर्ष से अधिक सजा, 143 व्यक्तियों को 10 वर्ष से कम सजा, 183 व्यक्तियों को 2 वर्षों तक की सजा दिलाने के अलावा 15 हजार 666 व्यक्तियों से जुर्माना वसूला गया है।
एडीजी श्री कुमार ने बताया कि इस वर्ष मई में आर्म्स एक्ट के 37 कांडों में 61 अपराधियों, हत्या के 52 कांडों में 114 अपराधियों को, लूट एवं डकैती के 19 कांडों में 28 अभियुक्तों को तथा बलात्कार एवं पॉक्सों के 50 कांडों में 65 अपराधकर्मियों को स्पीडी ट्रायल कराकर कोर्ट से सजा दिलाई गई। उन्होंने कहा कि विधि-व्यवस्था को प्रभावित करने वाले मामलों में सांप्रदायिक हिंसा के 4, पुलिस पर हमला के 187, भीड़ के स्तर से हिंसा के कुल 1 और हर्ष फायरिंग के 3 समेत 195 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया है।
हर्ष फायरिंग की घटनाओं पर नियंत्रण के लिए पुलिस मुख्यालय के स्तर से सख्त आदेश जारी किया गया है। इसके बाद हर्ष फायरिंग की घटनाओं में काफी कमी आई है। उन्होंने कहा कि पिछले एक महीने के दौरान 86 हजार 308 वाहनों की जांच की गई, जिसमें 8 हजार 604 वाहनों से दंड की वसूली की गई। इसमें 1 करोड़ 24 लाख 88 हजार रुपये की वसूली की गई।

