ठाणे (संवाददाता): ठाणे जिले के दिवा शहर में घरेलू गैस सिलेंडर वितरण को लेकर गंभीर अनियमितताओं का मामला सामने आया है। आरोप है कि उपभोक्ताओं द्वारा सिलेंडर बुक करने के बाद उन्हें कंपनी की ओर से “सिलेंडर डिलीवर हो गया है” का मैसेज भेज दिया जाता है, जबकि वास्तविक डिलीवरी 8 से 10 दिनों तक नहीं की जाती।इस दौरान संबंधित डिलीवरी कर्मियों या गैस एजेंसियों द्वारा उपभोक्ताओं को दोबारा नया सिलेंडर बुक करने के लिए कहा जाता है, जिसे लोगों ने सीधा फ्रॉड करार दिया है। आशंका जताई जा रही है कि जिन सिलेंडरों की डिलीवरी नहीं हो रही, उन्हें ब्लैक मार्केट में बेचा जा रहा है।
स्थानीय नागरिकों के अनुसार, पहले से ही गैस की कमी की बात कही जा रही है, वहीं दिवा में कुछ एजेंसियां इस स्थिति का फायदा उठाकर उपभोक्ताओं का आर्थिक शोषण कर रही हैं। कई परिवारों को 8 से 10 दिनों तक गैस सिलेंडर न मिलने से रोजमर्रा की जिंदगी प्रभावित हो रही है।इस संबंध में सबसे अधिक शिकायतें भारत गैस की कुछ एजेंसियों के खिलाफ सामने आई हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए Maharashtra Navnirman Sena (MNS) ने प्रशासन का ध्यान आकर्षित करते हुए जिला कलेक्टर को पत्र सौंपा है।
दिवा शहर MNS के सचिव प्रशांत प्रभाकर गावड़े ने प्रशासन से मांग की है कि:
- – गैस एजेंसियों की तत्काल जांच कर सख्त कार्रवाई की जाए।
- – दोषियों के खिलाफ आपराधिक मामले दर्ज किए जाएं।
- – गैस वितरण प्रक्रिया में पारदर्शिता लाकर समय पर सिलेंडर उपलब्ध कराए जाएं।
- MNS ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन किया जाएगा। साथ ही प्रशासन से ब्लैक मार्केटिंग में शामिल लोगों के लाइसेंस रद्द करने की भी मांग की गई है।

