Waste Disposal Plant: राजस्थान में श्रीगंगानगर जिले के श्रीकरणपुर विधानसभा क्षेत्र के नरसिंहपुरा बारानी गांव में सरकार द्वारा श्री गंगानगर शहर के लिए ठोस कचरा निस्तारण संयंत्र लगाये जाने के प्रस्ताव को लेकर स्थानीय लोगों में तीव्र विरोध अब भी जारी है। यह पूरा इलाका वन्यजीवों से समृद्ध है और यहां के लोग गौ रक्षा और वन्यजीव संरक्षण के प्रति अत्यंत संवेदनशील हैं।
नरसिंहपुरा गौ रक्षा दल के संयोजक मैसी चौधरी ने सोमवार को बताया कि जहां एक ओर उनके गौ रक्षा दल के युवा पिछले चार-पांच वर्षों से दिन-रात बेजुबान जीवों की सेवा में लगे हुए हैं, वहीं उसी स्थान पर कचरा संयंत्र लगाने की तैयारी की जा रही है। उन्होंने बताया कि नरसिंहपुरा की गोविंद गौ धाम केवल एक गौशाला नहीं बल्कि लाखों बेजुबान जीवों की आशा का केंद्र है।
यहां घायल, बीमार और बेसहारा पशुओं का इलाज किया जाता है। सड़क पर छोड़े गये कई जानवरों को यहां नई जिंदगी मिलती है। गौ रक्षा दल 70-80 किलोमीटर तक फ्री एम्बुलेंस सेवा प्रदान करके सैकड़ों वन्यजीवों की जान बचा चुका है। युवा दल बिना किसी स्वार्थ के दिन-रात, गर्मी-सर्दी में घायल जानवरों की मदद के लिए तैयार रहते हैं।
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चौधरी ने कहा कि ठोस कचरा निस्तारण संयंत्र के खिलाफ स्थानीय लोग पिछले 40 दिनों से धरने पर बैठे हुए हैं। वे प्रशासन से आग्रह कर रहे हैं कि इस संवेदनशील क्षेत्र में संयंत्र न लगाया जाये। सबसे बड़ी चिंता एलएनपी नहर को लेकर है, जो इस जगह के पास से बहती है और 50-60 गांवों की सिंचाई एवं पेयजल व्यवस्था इससे जुड़ी हुई है।
महाराजा गंगासिंह द्वारा बनायी गयी इस नहर को प्रदूषण से बचाने की मांग की जा रही है। इस मामले पर जिला कलेक्टर डॉ अमित यादव ने आज स्पष्ट किया कि उच्च न्यायालय के निर्देश के अनुसार कचरा निस्तारण केंद्र नरसिंहपुर बारानी में ही लगाया जाएगा और जल्द ही इसका निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि पास वाली गौशाला को किसी भी प्रकार का नुकसान नहीं होने दिया जाएगा।
यादव ने यह भी बताया कि संयंत्र शहर से करीब 32 किलोमीटर दूर है, लेकिन फिलहाल इस क्षेत्र के अलावा कोई अन्य उपयुक्त भूमि उपलब्ध नहीं है। कहीं और भूमि मिलती तो वहां संयंत्र स्थापित किया जाता। स्थानीय लोग विकास का समर्थन करते हैं, लेकिन वे चाहते हैं कि यह विकास पर्यावरण, वन्यजीवों और गौशालाओं की कीमत पर न हो। इस मुद्दे पर प्रशासन से वैकल्पिक स्थान की तलाश करने का आग्रह किया जा रहा है।

