ठाणे | दिनेश चंद्र रावल
Thane में मानसून का प्रकोप लगातार बढ़ता जा रहा है। शुक्रवार 3 जुलाई से शुरू हुई तेज बारिश के बाद शनिवार, रविवार और सोमवार को भी शहर में 100 मिमी से अधिक वर्षा दर्ज की गई। लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के चलते पिछले तीन दिनों में 145 पेड़ गिरने की घटनाएं सामने आई हैं, जबकि दीवार ढहने, जलभराव, होर्डिंग गिरने और वाहनों के क्षतिग्रस्त होने जैसी कई घटनाएं दर्ज की गईं।

ठाणे आपदा प्रबंधन विभाग के अनुसार सोमवार सुबह से शाम करीब 5:30 बजे तक 85.86 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई। सुबह से शुरू हुई तेज बारिश के कारण शहर के कई इलाकों में जलभराव हो गया और सामान्य जनजीवन प्रभावित रहा।
तीन दिन में 145 पेड़ गिरे
आपदा प्रबंधन विभाग के आंकड़ों के अनुसार—
- 3–4 जुलाई: 77.18 मिमी बारिश, 40 शिकायतें, 11 पेड़ गिरे।
- 4–5 जुलाई: 184.66 मिमी बारिश, 93 शिकायतें, 24 पेड़ गिरे।
- 5–6 जुलाई: 208.53 मिमी बारिश, 186 शिकायतें, 110 पेड़ गिरे।
इस तरह केवल तीन दिनों में कुल 145 पेड़ गिरने की घटनाएं दर्ज की गईं।
शहरभर में नुकसान
भारी बारिश के दौरान शहर के विभिन्न हिस्सों में कई घटनाएं सामने आईं—
- कोपरी बारा बंगला क्षेत्र में एक प्रतिमा के पास दीवार क्षतिग्रस्त हुई।
- गोकुल नगर, हरदास नगर, वसंत विहार और अन्य इलाकों में कई दीवारें ढह गईं।
- वागले एस्टेट, पाटलीपाड़ा, खारेगांव, मनोरमा नगर, श्रीरंग सोसाइटी, कालवा, लोकमान्य नगर और लुईसवाड़ी समेत कई क्षेत्रों में पेड़ गिर गए।
- अल्मेडा नाका और अन्य प्रमुख मार्गों पर पेड़ गिरने से यातायात बाधित हुआ।
- एक बड़ा होर्डिंग भी गिरने की घटना दर्ज की गई।
दो लोग घायल
पेड़ गिरने और राहत कार्य के दौरान दो लोग घायल हुए।
- नगर निगम कर्मचारी अंकित यादव पेड़ काटते समय घायल हो गए, जिन्हें उपचार के लिए कालवा अस्पताल में भर्ती कराया गया।
- लुईसवाड़ी स्थित आरटीओ कार्यालय के पास पेड़ गिरने से पांडुरंग भुवाड घायल हो गए। उन्हें महावीर अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
प्रशासन अलर्ट पर
लगातार बारिश को देखते हुए ठाणे आपदा प्रबंधन विभाग और नगर निगम की टीमें पूरे शहर में राहत एवं बचाव कार्य में जुटी हैं। प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि तेज बारिश के दौरान जर्जर दीवारों, बड़े पेड़ों, बिजली के खंभों और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूरी बनाए रखें तथा किसी भी आपात स्थिति की सूचना तुरंत संबंधित विभाग को दें।

