Tag: Central Railway

  • Central Railway Meeting: मध्य रेलवे के महाप्रबंधक ने सांसदों के साथ की बैठक, रेल सुविधाओं और विकास कार्यों पर हुई चर्चा

    Central Railway Meeting: मध्य रेलवे के महाप्रबंधक ने सांसदों के साथ की बैठक, रेल सुविधाओं और विकास कार्यों पर हुई चर्चा

    Central Railway Meeting: मध्य रेलवे के महाप्रबंधक राजीव श्रीवास्तव ने गुरुवार को मध्य रेलवे मुख्यालय स्थित ‘चिंतन’ कॉन्फ्रेंस हॉल में विभिन्न सांसदों के साथ बैठक कर रेल यात्रियों की सुविधाओं, स्टेशन विकास, सुरक्षा व्यवस्था और अधोसंरचना परियोजनाओं सहित कई महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की।

    बैठक में सांसद श्रीरंग आप्पा बारणे, अनिल देसाई, उज्ज्वल निकम, राजाभाऊ प्रकाश वाजे, सुरेश म्हात्रे (बाल्या मामा) तथा नरेश म्हस्के उपस्थित रहे। सांसदों ने यात्रियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने, स्टेशन सुधार योजनाओं, सुरक्षा एवं संरक्षा उपायों को मजबूत बनाने, मुंबई मंडल में चल रहे विकास कार्यों तथा रेलवे से जुड़े अन्य मुद्दों पर अपने सुझाव और मांगें रखीं।

    बैठक से पूर्व महाप्रबंधक राजीव श्रीवास्तव ने सभी सांसदों का शाल और श्रीफल भेंट कर स्वागत किया। इस अवसर पर विभिन्न विभागों के प्रधान मुख्य अधिकारी, मुंबई मंडल के मंडल रेल प्रबंधक हिरेष मीना तथा मध्य रेलवे के वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित थे। बैठक में रेल सेवाओं को अधिक सुरक्षित, आधुनिक और यात्री-केंद्रित बनाने के लिए समन्वित प्रयासों पर जोर दिया गया।

  • Python Hatchling Found: रेलवे इंजन में मिला अजगर का बच्चा, CSMT पर सुरक्षित रेस्क्यू!

    Python Hatchling Found: रेलवे इंजन में मिला अजगर का बच्चा, CSMT पर सुरक्षित रेस्क्यू!

    Python Hatchling Found: बुधवार देर रात एक अनोखी घटना सामने आई, जब एक रेलवे इंजन के अंदर अजगर प्रजाति का एक छोटा सर्प (पिल्ला) पाया गया। इस अप्रत्याशित घटना से कुछ समय के लिए हलचल मच गई, हालांकि समय रहते की गई कार्रवाई से स्थिति को पूरी तरह नियंत्रित कर लिया गया।

    जानकारी के अनुसार, यह मामला मध्यरात्रि के दौरान सामने आया, जब रेलवे कर्मचारियों की नजर इंजन के भीतर मौजूद अजगर के बच्चे पर पड़ी। स्थिति की गंभीरता को समझते हुए कर्मचारियों ने तुरंत सर्पमित्रों से संपर्क किया।

    सूचना मिलते ही मानद प्राणी कल्याण अधिकारी अभिषेक अशोक ठावरे अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने पूरी सावधानी और विशेषज्ञता के साथ रात करीब 1:40 बजे अजगर के बच्चे को सुरक्षित तरीके से पकड़ लिया। इस तत्पर कार्रवाई के कारण न केवल वन्यजीव की जान बचाई जा सकी, बल्कि रेलवे सेवाओं को भी बिना किसी बाधा के जारी रखा गया।

    रेस्क्यू के बाद अजगर के बच्चे को सुरक्षित रूप से उसके प्राकृतिक आवास में छोड़ दिया गया। बताया जाता है कि भारत में पाया जाने वाला इंडियन रॉक पायथन एक बिनविषैला सर्प है, जो वन्यजीव संरक्षण कानून के तहत संरक्षित प्रजाति है और पर्यावरण के संतुलन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।

    विशेषज्ञों के अनुसार, इन दिनों अजगरों के प्रजनन के बाद अंडों से बच्चों के बाहर निकलने का समय होता है, जिसके चलते उनकी गतिविधियां बढ़ जाती हैं। साथ ही, मुंबई और महाराष्ट्र में मानसून की शुरुआत के कारण वन्यजीव अक्सर सुरक्षित स्थान या आश्रय की तलाश में मानव बस्तियों की ओर रुख कर लेते हैं। संभावना है कि यह अजगर का बच्चा भी बारिश से बचने या आश्रय की तलाश में इंजन में घुस गया हो।

    अभिषेक ठावरे ने नागरिकों से अपील की है कि यदि इस प्रकार की कोई घटना सामने आए, तो घबराएं नहीं और न ही सर्प को पकड़ने या नुकसान पहुंचाने का प्रयास करें। ऐसी स्थिति में तुरंत वन विभाग या प्रशिक्षित सर्पमित्रों से संपर्क करना चाहिए, ताकि वन्यजीव और मानव दोनों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।

    इस पूरे घटनाक्रम में रेलवे कर्मचारियों की सतर्कता और सर्पमित्रों की त्वरित कार्रवाई की सराहना की जा रही है, जिनकी बदौलत एक ओर अजगर के बच्चे की जान बची और दूसरी ओर रेल सेवाएं भी सुचारू रूप से चलती रहीं।

  • CSMT-Latur and CSMT-Bidar Express Trains: सीएसएमटी-लातूर और सीएसएमटी-बीदर एक्सप्रेस में स्थायी रूप से अतिरिक्त कोच जोड़ने का निर्णय!

    CSMT-Latur and CSMT-Bidar Express Trains: सीएसएमटी-लातूर और सीएसएमटी-बीदर एक्सप्रेस में स्थायी रूप से अतिरिक्त कोच जोड़ने का निर्णय!

    CSMT-Latur and CSMT-Bidar Express Trains: मध्य रेल ने यात्रियों की बढ़ती मांग को ध्यान में रखते हुए सीएसएमटी-लातूर-सीएसएमटी एक्सप्रेस तथा सीएसएमटी-बीदर-सीएसएमटी एक्सप्रेस में स्थायी रूप से अतिरिक्त कोच जोड़ने का निर्णय लिया है। इस फैसले के तहत दोनों ट्रेनों में एक-एक अतिरिक्त 2एसी, 3एसी और शयनयान (स्लीपर) कोच जोड़े जाएंगे, जिससे यात्रियों को अधिक सुविधा मिलेगी।

    रेलवे प्रशासन के अनुसार, 22107/22108 सीएसएमटी-लातूर-सीएसएमटी एक्सप्रेस की वर्तमान संरचना में 1 फर्स्ट एसी, 2 एसी 2-टियर, 4 एसी 3-टियर, 8 शयनयान श्रेणी, 4 सामान्य द्वितीय श्रेणी तथा 2 द्वितीय श्रेणी सीटिंग सह गार्ड ब्रेक वैन शामिल हैं, जिसकी कुल कोच संख्या 21 है। संशोधित संरचना के तहत इसमें 1 फर्स्ट एसी, 3 एसी 2-टियर, 5 एसी 3-टियर, 9 शयनयान श्रेणी, 4 सामान्य द्वितीय श्रेणी और 2 द्वितीय श्रेणी सीटिंग सह गार्ड ब्रेक वैन मिलाकर कुल 24 कोच होंगे।

    यह संशोधित संरचना 22107 सीएसएमटी-लातूर एक्सप्रेस में 25 जून 2026 से तथा 22108 लातूर-सीएसएमटी एक्सप्रेस में 26 जून 2026 से लागू होगी। इसी प्रकार, 22143/22144 सीएसएमटी-बीदर-सीएसएमटी एक्सप्रेस की वर्तमान संरचना भी 21 कोचों की है, जिसमें 1 फर्स्ट एसी, 2 एसी 2-टियर, 4 एसी 3-टियर, 8 शयनयान श्रेणी, 4 सामान्य द्वितीय श्रेणी और 2 द्वितीय श्रेणी सीटिंग सह गार्ड ब्रेक वैन शामिल हैं।

    संशोधित संरचना के अनुसार इसमें भी 1 फर्स्ट एसी, 3 एसी 2-टियर, 5 एसी 3-टियर, 9 शयनयान श्रेणी, 4 सामान्य द्वितीय श्रेणी और 2 द्वितीय श्रेणी सीटिंग सह गार्ड ब्रेक वैन सहित कुल 24 कोच होंगे। यह बदलाव 22143 सीएसएमटी-बीदर एक्सप्रेस में 26 जून 2026 से तथा 22144 बीदर-सीएसएमटी एक्सप्रेस में 27 जून 2026 से प्रभावी होगा। रेलवे प्रशासन ने प्रतीक्षा सूची में शामिल यात्रियों से अनुरोध किया है कि वे ट्रेन में यात्रा करने से पहले अपने टिकट की स्थिति अवश्य जांच लें, ताकि किसी प्रकार की असुविधा से बचा जा सके।

  • Central Railway Employees Honored: मध्य रेल के 11 कर्मचारियों को महाप्रबंधक ने संरक्षा पुरस्कार से किया सम्मानित

    Central Railway Employees Honored: मध्य रेल के 11 कर्मचारियों को महाप्रबंधक ने संरक्षा पुरस्कार से किया सम्मानित

    Central Railway Employees Honored: मध्य रेल के महाप्रबंधक राजीव श्रीवास्तव ने जून 2026 माह के लिए मध्य रेल के 11 कर्मचारियों को सुरक्षित रेल परिचालन सुनिश्चित करने में उनकी उत्कृष्ट सतर्कता, कर्तव्यनिष्ठा और समयोचित कार्रवाई के लिए संरक्षा पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया। यह सम्मान उन कर्मचारियों को दिया गया जिन्होंने ड्यूटी के दौरान असाधारण सूझबूझ और तत्परता का परिचय देते हुए संभावित दुर्घटनाओं को टालने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

    इन संरक्षा पुरस्कारों के अंतर्गत कर्मचारियों को पदक, प्रशस्ति-पत्र, उत्कृष्ट कार्य का उल्लेख तथा नकद पुरस्कार प्रदान किया गया। महाप्रबंधक ने सभी सम्मानित कर्मचारियों को बधाई देते हुए कहा कि उनकी सजगता और समर्पण रेलवे की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाते हैं तथा अन्य कर्मचारियों के लिए प्रेरणा का स्रोत हैं।

    मुंबई मंडल के कर्मचारी रहे अग्रणी
    मुंबई मंडल से कुल 6 कर्मचारियों को सम्मानित किया गया। इनमें लोको पायलट मिलिंद खांडगले ने ब्रेक फेल होने की स्थिति में मालगाड़ी को सुरक्षित रूप से रोककर संभावित दुर्घटना टाल दी। ट्रेन मैनेजर दशरथ सिंह ने भी उसी घटना में सूझबूझ दिखाते हुए लोको पायलट की सहायता की। उप स्टेशन प्रबंधक गौरव कुमार ने समय रहते उचित सिग्नल देकर ट्रेन को सुरक्षित दिशा में आगे बढ़ाया।

    इसी प्रकार, लोकमान्य तिलक टर्मिनस के मास्टर क्राफ्ट्समैन हरिकृष्ण रेरे ने कोच में तकनीकी खराबी (CBC नकल में दरार) का समय पर पता लगाया। कलवा के सिग्नल मेंटेनर नितेश कुमार यादव ने रेल फ्रैक्चर की जानकारी देकर बड़ी दुर्घटना रोकी, जबकि दादर के संतोष जाधव ने पॉइंट मशीन में खराबी पहचानकर समय रहते सूचना दी।

    पुणे मंडल में भी सतर्कता का परिचय
    पुणे मंडल से दो कर्मचारियों को सम्मानित किया गया। मिरज के लोको पायलट (शंटर) एस.के. मंडल ने पावर ब्लॉक के दौरान ट्रैक पर कार्यरत कर्मचारियों को देखकर समय रहते ट्रेन रोक दी। वहीं, सतारा के रेलवे सुरक्षा बल के प्रधान आरक्षक डी.टी. कोकले ने तेज आंधी-बारिश के दौरान खतरनाक स्थिति को भांपते हुए यात्रियों और वाहनों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया।

    भुसावल मंडल के कर्मचारियों की अहम भूमिका
    भुसावल मंडल के दो कर्मचारियों को भी सम्मानित किया गया। तकनीशियन रविंद्र गनवीर ने वैगन में तकनीकी खामी का समय पर पता लगाया, जबकि गेटमैन बलिराम चौधरी ने गुजरती मालगाड़ी में हॉट एक्सल देखकर सतर्कता दिखाई और आगे सूचना देकर ट्रेन रुकवाने की व्यवस्था की।

    नागपुर मंडल से एक कर्मचारी सम्मानित
    नागपुर मंडल के हिंगनघाट स्टेशन के स्टेशन प्रबंधक सुरेश चंद मीना ने एक मालगाड़ी के वैगन में आग लगने की स्थिति को समय रहते नियंत्रित कर संभावित हादसा टाल दिया। इस अवसर पर अपर महाप्रबंधक प्रतीक गोस्वामी, प्रधान मुख्य संरक्षा अधिकारी चंद्र किशोर प्रसाद सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित रहे। कार्यक्रम में सभी कर्मचारियों की सराहना करते हुए यह संदेश दिया गया कि रेलवे सुरक्षा में हर कर्मचारी की सजगता और जिम्मेदारी अत्यंत महत्वपूर्ण है।

  • Navi Mumbai Commute: नई मुंबईकर रेल यात्रियों का सफर आरामदायक होगा; MP नरेश म्हस्के के फॉलो-अप में सफलता!

    Navi Mumbai Commute: नई मुंबईकर रेल यात्रियों का सफर आरामदायक होगा; MP नरेश म्हस्के के फॉलो-अप में सफलता!

    Navi Mumbai Commute: रेलवे और सिडको एडमिनिस्ट्रेशन के बीच तालमेल की कमी के कारण, नवी मुंबईकर रेल यात्रियों को पिछले कई सालों से बहुत परेशानी हो रही थी। दोनों अथॉरिटी एक-दूसरे पर उंगली उठा रही थीं, जिससे रेल यात्री इसमें फंस रहे थे। आखिरकार, 15 मई, 2026 को MP नरेश म्हस्के ने दोनों अथॉरिटी के अधिकारियों के बीच तालमेल बिठाया।

    अब MP नरेश म्हस्के की कोशिशें सफल हुई हैं और सिडको के कंट्रोल वाले 3 स्टेशन आज, 22 जून को सेंट्रल रेलवे को ट्रांसफर कर दिए गए हैं। क्योंकि बाकी रेलवे स्टेशन भी जल्द ही सेंट्रल रेलवे को ट्रांसफर कर दिए जाएंगे, इसलिए नवी मुंबईकर रेल यात्रियों का सफर अब आरामदायक होगा। यात्रियों की ओर से शिवसैनिकों ने इस ऐतिहासिक फैसले का स्वागत किया है और MP नरेश म्हस्के को धन्यवाद दिया है।

    CIDCO के कंट्रोल में आने वाले वाशी से बेलापुर और खारघर से खंडेश्वर स्टेशनों के मेंटेनेंस कॉन्ट्रैक्ट 2003 और 2008 में खत्म हो गए थे। उसके बाद कोई नया कॉन्ट्रैक्ट साइन नहीं हुआ। दूसरी ओर, ऐरोली, रबाले, घनसोली, कोपरखैरने, तुर्भे, बामनडोंगरी, खारकोपर और खारघर स्टेशनों के लिए आज तक कोई मेंटेनेंस कॉन्ट्रैक्ट साइन नहीं हुआ है। इस वजह से यात्रियों को सुविधाओं की कमी के कारण बड़ी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था।

    इसे गंभीरता से लेते हुए, MP नरेश म्हस्के ने रेलवे और CIDCO एडमिनिस्ट्रेशन दोनों के अधिकारियों को कोऑर्डिनेट किया और 15 मई, 2026 को नवी मुंबई में छत्रपति शिवाजी महाराज स्टेशन के हेडक्वार्टर में शिवसेना के पदाधिकारियों के साथ एक मीटिंग की। इस मीटिंग में पॉजिटिव बातचीत के बाद, अगले 6 महीनों में CIDCO के कंट्रोल में आने वाले सभी स्टेशनों को रेलवे को ट्रांसफर करने का फैसला किया गया। इसी के तहत, आज तीन स्टेशनों के ट्रांसफर का प्रोसेस पूरा हो गया है। तारघर, खारकोपर और बामनडोंगरी तीनों स्टेशन ऑफिशियली रेलवे को ट्रांसफर कर दिए गए हैं।

    जब से नरेश म्हस्के ने MP के तौर पर चार्ज संभाला है, तब से यात्रियों को नवी मुंबई इलाके के रेलवे स्टेशनों की खराब हालत और वहां अपर्याप्त यात्री सुविधाओं के बारे में लगातार शिकायतें मिल रही थीं। MP नरेश म्हस्के ने इन समस्याओं पर ध्यान दिया था। ‘रेलवे एडवाइजरी कमेटी’ के सदस्य के तौर पर, MP नरेश म्हस्के ने दिल्ली में हुई कमेटी की मीटिंग में बार-बार यह मुद्दा उठाया था।

    उन्होंने बताया कि स्टेशनों की खस्ताहाल हालत, मेंटेनेंस की कमी और सुरक्षा के मुद्दों के कारण आम यात्रियों को बहुत परेशानी होती है। MP नरेश म्हस्के के इन मामलों की ओर ध्यान दिलाने के बाद, रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने इसे गंभीरता से लेते हुए रेलवे प्रशासन को इस मुद्दे को तुरंत हल करने का निर्देश दिया था।

    सिडको भवन (बेलापुर) में हुई मीटिंग में सिडको और सेंट्रल रेलवे के बीच एक मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग साइन किया गया। सांसद नरेश म्हस्के की मौजूदगी में, मध्य रेलवे की ओर से अभिषेक कुमार गुप्ता (आईआरएसई) – डीईएन/हार्बर, संतोष गुंजन संतोष गुंजन – एडीईएन/जुईनगर, जी. जवाहरलाल – डीईई/जी/बॉम्बे, संजय चौरसिया – एसीएम/बॉम्बे डिवीजन, सिडको की ओर से आशिवन सुषमा अशोक मुंद्रुगल (आई.पी.एस.) उपाध्यक्ष और प्रबंध निदेशक, डॉ. राजा दयानिधि (आईएएस) – संयुक्त प्रबंध निदेशक (जेएमडी), श्री सी. पितले – सहायक अभियंता, शिवसेना बेलापुर जिला अध्यक्ष किशोर पाटकर, शिवसेना ऐरोली जिला अध्यक्ष द्वारकानाथ भोईर, युवा सेना जिला अध्यक्ष अनिकेत म्हात्रे, नगरसेवक मनोज हल्दनकर, पूर्व उप महापौर जगदीश गायकवाड़, दत्ता घांघले, देवकी शिंदे, अजीत दुबे, संजीव कुलकर्णी और अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे।

    बाकी स्टेशनों के लिए भी प्रोसेस चल रहा है और जल्द ही पूरा हो जाएगा। कुछ एक्स्ट्रा जगहों, खुली जगहों और उनके मेंटेनेंस से जुड़े मामलों पर CIDCO और रेलवे के बीच बातचीत चल रही है। पिछले कई सालों से यात्रियों को उम्मीद के मुताबिक सुविधाएं नहीं मिल रही थीं। हालांकि, अब जब स्टेशन रेलवे के कंट्रोल में आ गए हैं, तो MP नरेश म्हस्के ने भरोसा जताया है कि यात्रियों को बेहतर, क्वालिटी और सभी सुविधाओं वाली सुविधाएं मिलेंगी। यात्रियों के हित में यह बहुत अहम फैसला है और MP नरेश म्हस्के ने रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव, CIDCO और सेंट्रल रेलवे के अधिकारियों को धन्यवाद दिया है।

  • Diva Mega Block: दिवा स्टेशन पर मध्य रेलवे का मेगा ब्लॉक, लोकल और एक्सप्रेस सेवाएं प्रभावित रहेंगी

    Diva Mega Block: दिवा स्टेशन पर मध्य रेलवे का मेगा ब्लॉक, लोकल और एक्सप्रेस सेवाएं प्रभावित रहेंगी

    Diva Mega Block: मध्य रेलवे ने दिवा स्टेशन पर नए पैदल पुल (फुट ओवर ब्रिज) के लिए गर्डर लॉन्चिंग कार्य के चलते 22/23 जून 2026 की मध्यरात्रि विशेष ट्रैफिक और पावर ब्लॉक लेने की घोषणा की है। यह कार्य छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस (सीएसएमटी) की दिशा में किया जाएगा, जिसमें 300 मीट्रिक टन क्षमता की रोड क्रेन का उपयोग किया जाएगा।

    यह ब्लॉक 23 जून को रात 12:10 बजे से सुबह 4:10 बजे तक लागू रहेगा। इस दौरान ठाणे से डोंबिवली के बीच अप फास्ट लाइन और 5वीं व 6वीं लाइन प्रभावित रहेंगी। साथ ही दिवा से निलजे के बीच दिवा-पनवेल-रोहा रूट पर अप और डाउन दोनों मार्गों पर असर पड़ेगा।

    लोकल सेवाओं पर असर
    ब्लॉक के कारण 23 जून को सुबह 3:43 बजे अंबरनाथ से छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस जाने वाली लोकल और सुबह 5:16 बजे सीएसएमटी से अंबरनाथ जाने वाली लोकल रद्द रहेगी।

    मेल/एक्सप्रेस ट्रेनों में बदलाव
    ब्लॉक के दौरान कल्याण से ठाणे के बीच अप फास्ट और 6वीं लाइन की मेल/एक्सप्रेस ट्रेनें अप स्लो लाइन पर डायवर्ट की जाएंगी।

    ट्रेन के समय में बदलाव
    दादर से सावंतवाड़ी रोड जाने वाली ट्रेन संख्या 11003, जो रात 12:05 बजे रवाना होती है, अब सुबह 4:00 बजे चलेगी।

    मार्ग परिवर्तन
    डाउन दिशा में कुछ ट्रेनों को मुलुंड से कल्याण के बीच 5वीं लाइन से डायवर्ट किया जाएगा, जिनमें लोकमान्य तिलक टर्मिनस से पाटलीपुत्र, विशाखापट्टणम और गोरखपुर जाने वाली प्रमुख ट्रेनें शामिल हैं।

    वहीं अप दिशा में कई ट्रेनों का मार्ग कल्याण से ठाणे के बीच स्लो लाइन पर बदला जाएगा, जिनमें बलिया-दादर स्पेशल, ज्ञानेश्वरी एक्सप्रेस, कोणार्क एक्सप्रेस, हावड़ा-सीएसएमटी मेल सहित कई अन्य ट्रेनें शामिल हैं।

    रेलवे प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि वे यात्रा से पहले ट्रेन की स्थिति की जानकारी लेकर ही सफर करें, क्योंकि ब्लॉक के चलते कुछ ट्रेनों में देरी या मार्ग परिवर्तन हो सकता है।

  • NEET-UG 2026 के परीक्षार्थियों को बड़ी राहत, 21 जून को मध्य रेलवे पर नहीं होगा मेगा ब्लॉक

    NEET-UG 2026 के परीक्षार्थियों को बड़ी राहत, 21 जून को मध्य रेलवे पर नहीं होगा मेगा ब्लॉक

    NEET-UG 2026: NEET-UG 2026 परीक्षा में शामिल होने वाले विद्यार्थियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए मध्य रेलवे ने रविवार 21 जून 2026 को मेगा ब्लॉक नहीं लेने का निर्णय लिया है। साथ ही इस दिन रविवार का विशेष टाइम-टेबल भी लागू नहीं रहेगा।

    मध्य रेलवे ने बताया कि 21 जून को सभी उपनगरीय मार्गों पर 1,820 लोकल ट्रेन सेवाएं नियमित समय-सारिणी के अनुसार संचालित की जाएंगी। सामान्य तौर पर रविवार को लगभग 1,200 लोकल सेवाएं चलाई जाती हैं, लेकिन NEET-UG 2026 के मद्देनज़र अतिरिक्त सेवाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।

    रेलवे के इस फैसले से बड़ी संख्या में परीक्षा देने वाले विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों को राहत मिलेगी। इससे वे बिना किसी बाधा के समय पर अपने परीक्षा केंद्रों तक पहुंच सकेंगे और यात्रा के दौरान मेगा ब्लॉक से होने वाली परेशानी से बचेंगे।

  • CSMT Redevelopment: प्लेटफॉर्म 16-17 ब्लॉक बढ़ा, कई ट्रेनें दादर-ठाणे तक सीमित

    CSMT Redevelopment: प्लेटफॉर्म 16-17 ब्लॉक बढ़ा, कई ट्रेनें दादर-ठाणे तक सीमित

    CSMT Redevelopment: छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस (सीएसएमटी) के पुनर्विकास कार्य के तहत रेल भूमि विकास प्राधिकरण (आरएलडीए) द्वारा किए जा रहे निर्माण कार्यों को गति देने के लिए मध्य रेलवे ने प्लेटफॉर्म क्रमांक 16 और 17 पर लागू ट्रैफिक एवं पावर ब्लॉक की अवधि बढ़ाने का निर्णय लिया है। इसके चलते कई मेल एवं एक्सप्रेस ट्रेनों को निर्धारित गंतव्य सीएसएमटी के बजाय दादर और ठाणे स्टेशन तक ही संचालित किया जाएगा।

    मध्य रेलवे द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, प्लेटफॉर्म क्रमांक 16 पर ट्रैफिक और पावर ब्लॉक की अवधि 14 जून 2026 से 5 अगस्त 2026 तक बढ़ाई गई है, जबकि प्लेटफॉर्म क्रमांक 17 पर ब्लॉक 14 जून 2026 से 8 जुलाई 2026 तक प्रभावी रहेगा। इससे पहले भी इस कार्य के लिए कई बार ब्लॉक की अवधि बढ़ाई जा चुकी है।

    रेलवे प्रशासन ने बताया कि प्लेटफॉर्म 16 और 17 पर चल रहे फाउंडेशन तथा अन्य आधारभूत संरचना संबंधी कार्य सीएसएमटी के महत्वाकांक्षी पुनर्विकास परियोजना का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। इन्हीं कार्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के लिए ब्लॉक जारी रखना आवश्यक है।

    ब्लॉक अवधि के दौरान हावड़ा-सीएसएमटी एक्सप्रेस, कोणार्क एक्सप्रेस, नंदीग्राम एक्सप्रेस, अमरावती एक्सप्रेस, बिदर-सीएसएमटी एक्सप्रेस, लातूर-सीएसएमटी एक्सप्रेस तथा तेजस एक्सप्रेस जैसी कई प्रमुख ट्रेनें दादर स्टेशन पर ही शॉर्ट टर्मिनेट होंगी। वहीं मंगळुरू-सीएसएमटी एक्सप्रेस को ठाणे स्टेशन तक ही संचालित किया जाएगा।

    रेलवे प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि वे यात्रा से पहले अपनी ट्रेन की अद्यतन जानकारी अवश्य प्राप्त करें और उसी के अनुसार यात्रा की योजना बनाएं। रेलवे ने इस दौरान यात्रियों को होने वाली असुविधा के लिए खेद व्यक्त करते हुए सहयोग की अपेक्षा की है। सीएसएमटी पुनर्विकास परियोजना के पूरा होने के बाद यात्रियों को आधुनिक सुविधाओं से युक्त विश्वस्तरीय स्टेशन उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा गया है।

  • Electronic Interlocking System: सेवाग्राम स्टेशन पर अत्याधुनिक डिस्ट्रीब्यूटेड इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग प्रणाली का सफल कार्यान्वयन

    Electronic Interlocking System: सेवाग्राम स्टेशन पर अत्याधुनिक डिस्ट्रीब्यूटेड इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग प्रणाली का सफल कार्यान्वयन

    Electronic Interlocking System: मध्य रेलवे के नागपुर मंडल ने 7 जून 2026 को सेवाग्राम स्टेशन पर अत्यंत जटिल एवं महत्वपूर्ण यार्ड रीमॉडलिंग कार्य को सफलतापूर्वक पूरा करते हुए अत्याधुनिक क्योसान (KYOSAN) आधारित डिस्ट्रीब्यूटेड इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग (EI) प्रणाली को कार्यान्वित कर दिया है। यह परियोजना तीसरी और चौथी रेल लाइन निर्माण कार्य तथा आधुनिक सिग्नलिंग व्यवस्था के उन्नयन की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है।

    इस परियोजना के अंतर्गत 26 वर्ष पुरानी सीमेंस पैनल इंटरलॉकिंग (PI) प्रणाली को हटाकर नवीनतम डिस्ट्रीब्यूटेड इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग प्रणाली स्थापित की गई है। इससे स्टेशन के आंतरिक एवं बाहरी सिग्नल तथा दूरसंचार (एस एंड टी) उपकरणों की विश्वसनीयता, कार्यक्षमता और रखरखाव की सुविधा में उल्लेखनीय सुधार हुआ है।

    यार्ड पुनर्रचना के दौरान सुरक्षा को और मजबूत बनाने के उद्देश्य से दो ग्राउंड फ्रेम (GF) पॉइंट्स को हटाया गया है। इससे मानवीय हस्तक्षेप में कमी आएगी और रेल परिचालन अधिक सुरक्षित एवं सुचारु होगा। रेल यातायात क्षमता बढ़ाने के लिए अतिरिक्त यूडीएल-1 और यूडीएल-3 लाइनों की सुविधा भी उपलब्ध कराई गई है। इसके परिणामस्वरूप यात्री एवं मालगाड़ियों का संचालन अधिक प्रभावी ढंग से किया जा सकेगा।

    इस परियोजना से विभिन्न रेल मार्गों की क्रॉसिंग स्टैंडिंग रूम (CSR) क्षमता में भी महत्वपूर्ण वृद्धि हुई है। अप लूप लाइन की CSR क्षमता 705 मीटर से बढ़कर 780.181 मीटर हो गई है। वहीं डाउन मेन लाइन की क्षमता 585 मीटर से बढ़कर 926.212 मीटर तक पहुंच गई है, जो 342 मीटर से अधिक की उल्लेखनीय वृद्धि है। इसके अतिरिक्त अप लूप लाइन, अप-डाउन कॉमन लूप लाइन तथा डाउन लूप लाइन की क्षमताओं में भी पर्याप्त विस्तार किया गया है।

    रेलवे अधिकारियों के अनुसार इस आधुनिक सिग्नलिंग प्रणाली और यार्ड विकास कार्य से लंबी मालगाड़ियों के संचालन में सुविधा होगी, स्टेशन की यातायात संभालने की क्षमता बढ़ेगी तथा भविष्य में बढ़ने वाली रेल यातायात आवश्यकताओं को पूरा करने में मदद मिलेगी।

    सेवाग्राम स्टेशन पर डिस्ट्रीब्यूटेड इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग प्रणाली का सफल कार्यान्वयन मध्य रेलवे के आधुनिकीकरण, क्षमता विस्तार और सुरक्षित रेल संचालन के प्रति उसकी प्रतिबद्धता का एक और महत्वपूर्ण उदाहरण है।

  • Mumbai-Madgaon Special Train: यात्रियों की सुविधा के लिए मुंबई-मडगांव के बीच चलेगी विशेष ट्रेन!

    Mumbai-Madgaon Special Train: यात्रियों की सुविधा के लिए मुंबई-मडगांव के बीच चलेगी विशेष ट्रेन!

    Mumbai-Madgaon Special Train: यात्रियों की अतिरिक्त भीड़ और मांग को देखते हुए मध्य रेलवे ने 14 जून 2026 को छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस (सीएसएमटी), मुंबई और मडगांव के बीच एक विशेष एकतरफा ट्रेन चलाने की घोषणा की है। मध्य रेलवे द्वारा जारी जानकारी के अनुसार, गाड़ी संख्या 01173 विशेष ट्रेन रविवार, 14 जून 2026 को छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस, मुंबई से सुबह 11:30 बजे प्रस्थान करेगी और अगले दिन रात 1:30 बजे मडगांव पहुंचेगी।

    संबंधित खबर: Dr. Shrikant Shinde: मतदाता सूची अभियान में जुटें शिवसैनिक, काम करने वालों को ही मिलेगा संगठन में मान-सम्मान: डॉ. श्रीकांत शिंदे

    यह विशेष ट्रेन दादर, ठाणे, पनवेल, पेण, रोहा, माणगांव, वीर, खेड, चिपळूण, सावर्डा, अरावली रोड, संगमेश्वर रोड, रत्नागिरी, विलावडे, राजापुर रोड, वैभववाडी रोड, कणकवली, सिंधुदुर्ग, कुडाळ, सावंतवाडी रोड, थिवि तथा करमळी स्टेशनों पर ठहरेगी। ट्रेन की संरचना में 3 वातानुकूलित चेयर कार, 10 द्वितीय श्रेणी चेयर कार (6 आरक्षित एवं 4 अनारक्षित), 1 द्वितीय श्रेणी बैठने की सुविधा सहित गार्ड ब्रेक वैन तथा 1 जनरेटर कार शामिल होगी।

    रेलवे प्रशासन के अनुसार, विशेष शुल्क के साथ इस ट्रेन के लिए आरक्षण 8 जून 2026 से सभी कम्प्यूटरीकृत आरक्षण केंद्रों तथा आईआरसीटीसी की वेबसाइट पर शुरू किया जाएगा। अनारक्षित डिब्बों के लिए टिकट सामान्य किराये पर यूटीएस प्रणाली के माध्यम से उपलब्ध होंगे। यात्री टिकट बुकिंग के लिए RailOne ऐप का भी उपयोग कर सकते हैं। मध्य रेलवे ने यात्रियों से यात्रा की योजना बनाते समय इस विशेष ट्रेन सुविधा का लाभ उठाने की अपील की है।