ठाणे | संवाददाता
ठाणे के मुंब्रा इलाके में घरों में सेंधमारी करने वाले एक शातिर चोर को मुंब्रा पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस जांच में आरोपी से घरफोड़ियों के 48 मामलों का खुलासा हुआ है। पुलिस ने उसके पास से करीब 1 करोड़ 39 लाख रुपये कीमत के 1.03 किलो सोने के गहने भी बरामद किए हैं।

मुंब्रा इलाके में पिछले कुछ समय से घरों में घुसकर सोने-चांदी के गहनों की चोरी की घटनाएं लगातार बढ़ रही थीं, जिससे स्थानीय लोगों में डर का माहौल बन गया था। इसी को ध्यान में रखते हुए मुंब्रा पुलिस स्टेशन और क्राइम ब्रांच यूनिट-1 की टीम ने मामले की गहन जांच शुरू की।
सीसीटीवी और मुखबिरों की मदद से आरोपी तक पहुंची पुलिस
जांच के दौरान पुलिस ने इलाके के विभिन्न स्थानों के सीसीटीवी फुटेज की जांच की। साथ ही टेक्निकल जानकारी और मुखबिरों से मिली सूचना के आधार पर संदिग्ध की पहचान की गई।
पुलिस ने शिवाजी गोपाल साटे (उम्र 39 वर्ष) को टिटवाला इलाके से गिरफ्तार किया। आरोपी रूम नंबर 1, पटवा चॉल, गणेशवाड़ी, टिटवाला ईस्ट, कल्याण का रहने वाला है। उसे 2 मार्च 2026 को गिरफ्तार किया गया।
लोहे की रॉड से तोड़ता था खिड़कियों की सलाखें
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी लोहे की रॉड की मदद से खिड़कियों की लोहे की सलाखें और मुख्य दरवाजों के ताले तोड़कर घरों में घुसता था। इसके बाद वह घरों से सोने के गहने चोरी कर फरार हो जाता था।
पूछताछ के दौरान आरोपी ने पिछले तीन वर्षों में मुंब्रा पुलिस स्टेशन क्षेत्र में 48 घरों में चोरी की वारदातें करने की बात कबूल की।
1.03 किलो सोना बरामद
पुलिस ने आरोपी के पास से 1.03 किलो सोने के गहने बरामद किए हैं, जिनकी कुल कीमत लगभग 1 करोड़ 39 लाख रुपये बताई जा रही है।
इस मामले में मुंब्रा पुलिस स्टेशन में क्राइम रजिस्टर नंबर 282/2026 के तहत भारतीय दंड संहिता 2023 की धारा 331(3), 339(4) और 305(A) के तहत मामला दर्ज किया गया है।
वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में कार्रवाई
यह पूरी कार्रवाई पुलिस आयुक्त आशुतोष डुंबरे, अतिरिक्त पुलिस आयुक्त (क्राइम) डॉ. पंजाबराव उगले, पुलिस उपायुक्त (क्राइम) अमरसिंह जाधव और सहायक पुलिस आयुक्त शेखर बागड़े के मार्गदर्शन में की गई।
इस जांच में सीनियर पुलिस इंस्पेक्टर सचिन गायकवाड़, पुलिस सब-इंस्पेक्टर दीपक घुगे और दीपक जाधव के साथ पुलिस कांस्टेबल संदीप महाडिक, प्रशांत निकुंभ, शब्बीर फराज, प्रशांत लवटे, सागर सुरकुकर, अमोल दावे, मयूर लोखंडे सहित अन्य पुलिसकर्मियों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

