Category: Rajasthan

  • Kumar Mahadev Vyas Elected Press Club President: राजस्थान प्रेस क्लब के अध्यक्ष बने कुमार महादेव व्यास

    Kumar Mahadev Vyas Elected Press Club President: राजस्थान प्रेस क्लब के अध्यक्ष बने कुमार महादेव व्यास

    Kumar Mahadev Vyas Elected Press Club President

    मुंबई। महानगर के राजस्थानी प्रवासी पत्रकारों की प्रतिनिधि संस्था राजस्थान प्रेस क्लब की वार्षिक साधारण सभा शनिवार को होटल आदर्श पैलेस में आयोजित हुई। इस दौरान संपन्न चुनाव में वरिष्ठ पत्रकार कुमार महादेव व्यास को सर्वसम्मति से क्लब का अध्यक्ष निर्वाचित किया गया।

    राजस्थान सूचना केंद्र, मुंबई की प्रभारी सहायक निदेशक ऋतु सोढ़ी तथा संस्थापक एवं चुनाव अधिकारी जगदीश पुरोहित के निर्देशन में हुए चुनाव में व्यास कुमार रावल को कार्यकारी अध्यक्ष, ललित शक्ति को सचिव, रमेश काबरा को कोषाध्यक्ष, हरीश राजावत को संयुक्त सचिव तथा राहुल पारीक, जितेंद्र सिंह राठौड़, सुरेश भंसाली, ज्योति मुनौत, मनीष पालीवाल और विद्या उत्तम शाह को कार्यकारिणी सदस्य चुना गया।

    सभा को संबोधित करते हुए अध्यक्ष कन्हैयालाल खंडेलवाल ने क्लब की स्थापना के उद्देश्य और उसकी गतिविधियों पर प्रकाश डाला। सचिव व्यास कुमार रावल ने पिछले तीन वर्षों का कार्य प्रतिवेदन प्रस्तुत किया, जबकि कोषाध्यक्ष दिनेश्वर माली ने वार्षिक आय-व्यय का ब्यौरा पेश किया, जिसे सदस्यों ने सर्वसम्मति से मंजूरी दी।

    इस अवसर पर पूर्व अध्यक्ष नीरज दवे, वरिष्ठ मीडिया विशेषज्ञ निरंजन परिहार तथा ऋतु सोढ़ी ने भी अपने विचार व्यक्त किए। नवनिर्वाचित अध्यक्ष कुमार महादेव व्यास ने संगठन को और अधिक सक्रिय, मजबूत एवं प्रभावी बनाने का संकल्प व्यक्त किया।

    कार्यक्रम की शुरुआत गायत्री मंत्र के साथ हुई। सभा में दिवंगत समाजसेवी एवं पूर्व विधायक राज के. पुरोहित को दो मिनट का मौन रखकर श्रद्धांजलि दी गई।

    इस दौरान पत्रकार दिनेश्वर माली की आध्यात्मिक पुस्तक ‘मेरी आंतरिक आध्यात्मिक यात्रा’ का लोकार्पण भी किया गया।

  • Rajasthan Fraud: कछुए से करोड़ों रुपये कमाने का सपना दिखाकर मजदूर से 10 लाख की ठगी!

    Rajasthan Fraud: कछुए से करोड़ों रुपये कमाने का सपना दिखाकर मजदूर से 10 लाख की ठगी!

    Rajasthan Fraud: राजस्थान में अलवर के वैशाली नगर थाना क्षेत्र में करोड़ों रुपये कमाने का झांसा देकर एक फैक्ट्री मजदूर से 10 लाख रुपये की ठगी का सनसनीखेज मामला सामने आया है। पुलिस सूत्रों ने सोमवार को बताया कि ठगों ने पहले दुर्लभ कछुए की कीमत एक करोड़ रुपये बताकर उसे खरीदने का झांसा दिया।

    जब पीड़ित ने रकम दे दी तो कछुए को मृत घोषित करने के लिए फर्जी डॉक्टर बुला लिया गया। इसके बाद पुलिस की वर्दी पहने एक व्यक्ति ने दुर्लभ कछुआ रखने के मामले में फंसाने की धमकी देकर पूरे गिरोह को मौके से फरार करा दिया। शिकायत के बाद वैशाली नगर थाना पुलिस ने कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।

    पुलिस के अनुसार पीड़ित उन्नस खां फिलहाल अलवर शहर के अंबेडकर नगर में किराये पर रहकर उद्योग नगर स्थित एक फैक्ट्री में मजदूरी करता है। उसने बताया कि इसी वर्ष जनवरी में उसके पास आसिम नाम के व्यक्ति का फोन आया। उसने खुद को गांव के एक युवक का साला बताते हुए कहा कि उसके पास ऐसा काम है, जिससे दोनों 10 से 20 लाख रुपये कमा सकते हैं। अगले दिन उसकी मुलाकात आसिम, राहुल सैन और महेंद्र जोगी से करायी गयी।

    तीनों उसे एचडीएफसी बैंक के पास स्थित एक चाय की दुकान पर ले गये, जहां उन्होंने हरे रंग का एक कछुआ दिखाया। आरोपियों ने दावा किया कि यह बेहद दुर्लभ कछुआ है, जिसकी बाजार में कीमत करीब एक करोड़ रुपये है। उन्होंने कहा कि वह 10 लाख रुपये देकर यह कछुआ खरीद ले तो बाद में करोड़ों रुपये में बेचकर भारी मुनाफा कमा सकता है।

    आरोपियों की बातों में आकर पीड़ित ने अलग-अलग समय पर तीन किश्तों में कुल 10 लाख रुपये आरोपियों को दे दिये। रकम लेने के बाद आरोपी उसे मोटर साइकिल पर बैठाकर अलवर-जयपुर मार्ग पर नटनी का बारा क्षेत्र में ले गये। वहां पहुंचते ही उन्होंने कहा कि कछुआ मर चुका है। आरोप है कि कुछ देर बाद एक व्यक्ति को डॉक्टर बताकर बुलाया गया, जिसने कछुए को मृत घोषित कर दिया।

    इसी दौरान पुलिस की वर्दी पहने एक अन्य व्यक्ति वहां पहुंचा और पीड़ित को धमकाते हुए कहा कि उसने ज्यादा सवाल किये तो उसे दुर्लभ कछुआ रखने के मामले में फर्जी मामले में फंसा दिया जाएगा। धमकी से डरे पीड़ित के सामने ही आरोपी मौके से फरार हो गये। पुलिस ने जांच के बाद आसिम, राहुल सैन, महेंद्र जोगी और कोटपूतली बहरोड़ जिले के बैराठ नगर निवासी नोवता राम उर्फ कट बाबरिया और अन्य के खिलाफ मामला दर्ज करके उन्हें गिरफ्तार कर लिया है।

  • Animal Husbandry Department: लम्पी रोग से ग्रसित पशुओं के शहर में विचरण करने से लोगों में आक्रोश!

    Animal Husbandry Department: लम्पी रोग से ग्रसित पशुओं के शहर में विचरण करने से लोगों में आक्रोश!

    Animal Husbandry Department: राजस्थान में भरतपुर में लम्पी रोग के प्रकोप से ग्रसित बड़ी संख्या में दुधारू पशुओं के लावारिस रूप में शहर में विचरण करने से आक्रोशित आमजन एवं पशुपालकों ने मंगलवार को सरकार, प्रशासन एवं पशुपालन विभाग के खिलाफ जमकर प्रदर्शन किया।

    प्राप्त जानकारी के अनुसार प्रशासनिक एवं सरकारी माध्यम से समय पर उपचार और राहत न मिलने से बड़ी संख्या में बेजुबान पशु मजबूर होकर असहनीय पीड़ा सहते हुए सड़कों पर कष्ट झेलते नजर आ रहे हैं इससे लोग व्यथित हैं। अपने दुधारू पशुओं को मौत के मुंह में जाते देख असहाय पशुपालकों की भी उन्हें बचाने का कोई उपाय नजर नहीं आ रहा।

    इस बीमारी से पशुओं को बचाने की दिशा में पशुपालन विभाग की चुप्पी से आक्रोशित पशुपालकों के साथ पशुप्रेमियों ने आम नागरिकों, सामाजिक संगठनों, नगर निगम एवं पशुपालन विभाग से इस गंभीर समस्या पर तत्काल और प्रभावी कदम उठाए जाने की मांग भी की है।

  • New LPG Rules Come Into Effect From 1st June: 1 जून से LPG-PNG उपभोक्ताओं के लिए नए नियम लागू, एक घर में नहीं रख सकेंगे दो गैस कनेक्शन

    New LPG Rules Come Into Effect From 1st June: 1 जून से LPG-PNG उपभोक्ताओं के लिए नए नियम लागू, एक घर में नहीं रख सकेंगे दो गैस कनेक्शन

    नई दिल्ली | प्रतिनिधि
    देश में एलपीजी गैस वितरण व्यवस्था को अधिक पारदर्शी बनाने और कालाबाजारी पर रोक लगाने के उद्देश्य से केंद्र सरकार ने गैस कनेक्शन से जुड़े कई नए नियम लागू किए हैं। 1 जून 2026 से लागू हो रहे इन नियमों का असर लाखों एलपीजी और पीएनजी उपभोक्ताओं पर पड़ने वाला है।
    New LPG Rules Come Into Effect From June:

    नए नियमों के तहत अब “एक घर-एक गैस कनेक्शन” नीति को और सख्ती से लागू किया जाएगा। जिन परिवारों के घर में पहले से पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) कनेक्शन उपलब्ध है, उन्हें घरेलू एलपीजी कनेक्शन सरेंडर करना होगा। सरकार का कहना है कि इससे गैस की अनावश्यक खपत, जमाखोरी और अवैध बिक्री पर रोक लगाने में मदद मिलेगी।
    सरकार द्वारा जारी संशोधित प्रावधानों के अनुसार, PNG कनेक्शन रखने वाले उपभोक्ता घरेलू LPG कनेक्शन न तो रख सकेंगे और न ही नया कनेक्शन प्राप्त कर सकेंगे। जिन उपभोक्ताओं के पास दोनों सुविधाएं हैं, उन्हें एलपीजी कनेक्शन वापस करना होगा।
    हालांकि सरकार ने ऐसे उपभोक्ताओं को राहत भी दी है। यदि कोई उपभोक्ता PNG अपनाने के बाद LPG कनेक्शन सरेंडर करता है, तो उसे एक विशेष वाउचर सुविधा दी जाएगी। भविष्य में यदि वह ऐसे क्षेत्र में स्थानांतरित होता है जहां PNG उपलब्ध नहीं है, तो उसी वाउचर के आधार पर दोबारा LPG कनेक्शन आसानी से प्राप्त कर सकेगा।
    इसके अलावा गैस सिलेंडर की उपलब्धता को संतुलित रखने के लिए रिफिल बुकिंग के नियम भी लागू हैं। मौजूदा व्यवस्था के अनुसार शहरी क्षेत्रों में अगले सिलेंडर की बुकिंग के लिए कम से कम 25 दिन का अंतर आवश्यक है, जबकि ग्रामीण क्षेत्रों में यह अवधि 45 दिन निर्धारित की गई है। सरकार ने हाल ही में स्पष्ट किया है कि इन समय सीमाओं में फिलहाल कोई नया बदलाव नहीं किया गया है।
    विशेषज्ञों का मानना है कि इन नियमों से वास्तविक जरूरतमंद उपभोक्ताओं तक गैस की उपलब्धता सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी, हालांकि महानगरों और PNG सुविधायुक्त क्षेत्रों में रहने वाले उपभोक्ताओं को नई व्यवस्था के अनुसार अपने कनेक्शन अपडेट करने होंगे।

  • Rajasthan Illegal Water Connection: अवैध जल कनेक्शन रोकने गए कनिष्ठ अभियंता से हाथापाई!

    Rajasthan Illegal Water Connection: अवैध जल कनेक्शन रोकने गए कनिष्ठ अभियंता से हाथापाई!

    Rajasthan Illegal Water Connection: राजस्थान में श्रीगंगानगर जिले के सादुलशहर में एक कबाड स्टोर के मालिक और उसके साथियों द्वारा जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग (पीएचईडी) के कनिष्ठ अभियंता और उनके साथ आए कर्मचारियों से हाथापाई, मारपीट करने का मामला सामने आया है।

    संबंधित ख़बरें: Chhattisgarh Strict Guidelines: छत्तीसगढ़ में बकरीद पर सख्त गाइडलाइन लागू, गाइडलाइन के खिलाफत पर कार्रवाई के निर्देश!

    पुलिस सूत्रों ने बुधवार को बताया कि कनिष्ठ अभियंता हेमराज बरोलिया (29) की शिकायत के आधार पर गौशाला के नजदीक जयदेव कबाड स्टोर के मालिक और उसके चार-पांच अज्ञात साथियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है, जिसमें सरकारी कार्य में बाधा डालने का आरोप भी लगाया गया है।

    रिपोर्ट में हेमराज ने बताया है कि वह उक्त कबाड़ स्टोर का निरीक्षण करने के लिए गया था। कबाड स्टोर के मालिक ने सरकारी पाइप लाइन में अपने स्तर पर अवैध/अनियमित आकार का जल कनेक्शन किया जा रहा था। उसे जब घरेलू जल कनेक्शन को व्यावसायिक जल कनेक्शन के रूप में इस्तेमाल करने से रोका गया तो उसने और उसके चार-पांच साथियों ने हाथापाई और मारपीट की।

  • Waste Disposal Plant: कचरा निस्तारण संयंत्र लगाए जाने के प्रस्ताव का विरोध जारी!

    Waste Disposal Plant: कचरा निस्तारण संयंत्र लगाए जाने के प्रस्ताव का विरोध जारी!

    Waste Disposal Plant: राजस्थान में श्रीगंगानगर जिले के श्रीकरणपुर विधानसभा क्षेत्र के नरसिंहपुरा बारानी गांव में सरकार द्वारा श्री गंगानगर शहर के लिए ठोस कचरा निस्तारण संयंत्र लगाये जाने के प्रस्ताव को लेकर स्थानीय लोगों में तीव्र विरोध अब भी जारी है। यह पूरा इलाका वन्यजीवों से समृद्ध है और यहां के लोग गौ रक्षा और वन्यजीव संरक्षण के प्रति अत्यंत संवेदनशील हैं।

    नरसिंहपुरा गौ रक्षा दल के संयोजक मैसी चौधरी ने सोमवार को बताया कि जहां एक ओर उनके गौ रक्षा दल के युवा पिछले चार-पांच वर्षों से दिन-रात बेजुबान जीवों की सेवा में लगे हुए हैं, वहीं उसी स्थान पर कचरा संयंत्र लगाने की तैयारी की जा रही है। उन्होंने बताया कि नरसिंहपुरा की गोविंद गौ धाम केवल एक गौशाला नहीं बल्कि लाखों बेजुबान जीवों की आशा का केंद्र है।

    यहां घायल, बीमार और बेसहारा पशुओं का इलाज किया जाता है। सड़क पर छोड़े गये कई जानवरों को यहां नई जिंदगी मिलती है। गौ रक्षा दल 70-80 किलोमीटर तक फ्री एम्बुलेंस सेवा प्रदान करके सैकड़ों वन्यजीवों की जान बचा चुका है। युवा दल बिना किसी स्वार्थ के दिन-रात, गर्मी-सर्दी में घायल जानवरों की मदद के लिए तैयार रहते हैं।

    संबंधित खबरें: Twisha Sharma Death Case: उच्चतम न्यायालय ने ट्विशा शर्मा मौत के मामले में मीडिया से संयम बरतने की अपील!

    चौधरी ने कहा कि ठोस कचरा निस्तारण संयंत्र के खिलाफ स्थानीय लोग पिछले 40 दिनों से धरने पर बैठे हुए हैं। वे प्रशासन से आग्रह कर रहे हैं कि इस संवेदनशील क्षेत्र में संयंत्र न लगाया जाये। सबसे बड़ी चिंता एलएनपी नहर को लेकर है, जो इस जगह के पास से बहती है और 50-60 गांवों की सिंचाई एवं पेयजल व्यवस्था इससे जुड़ी हुई है।

    महाराजा गंगासिंह द्वारा बनायी गयी इस नहर को प्रदूषण से बचाने की मांग की जा रही है। इस मामले पर जिला कलेक्टर डॉ अमित यादव ने आज स्पष्ट किया कि उच्च न्यायालय के निर्देश के अनुसार कचरा निस्तारण केंद्र नरसिंहपुर बारानी में ही लगाया जाएगा और जल्द ही इसका निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि पास वाली गौशाला को किसी भी प्रकार का नुकसान नहीं होने दिया जाएगा।

    यादव ने यह भी बताया कि संयंत्र शहर से करीब 32 किलोमीटर दूर है, लेकिन फिलहाल इस क्षेत्र के अलावा कोई अन्य उपयुक्त भूमि उपलब्ध नहीं है। कहीं और भूमि मिलती तो वहां संयंत्र स्थापित किया जाता। स्थानीय लोग विकास का समर्थन करते हैं, लेकिन वे चाहते हैं कि यह विकास पर्यावरण, वन्यजीवों और गौशालाओं की कीमत पर न हो। इस मुद्दे पर प्रशासन से वैकल्पिक स्थान की तलाश करने का आग्रह किया जा रहा है।

  • Liquor Mafia Crackdown: अवैध शराब के खिलाफ बड़ी कार्रवाई, साढ़े चार लाख लीटर वॉश नष्ट; 755 गिरफ्तार!

    Liquor Mafia Crackdown: अवैध शराब के खिलाफ बड़ी कार्रवाई, साढ़े चार लाख लीटर वॉश नष्ट; 755 गिरफ्तार!

    Liquor Mafia Crackdown: राजस्थान में आबकारी विभाग ने अवैध मदिरा निर्माण, भण्डारण, परिवहन एवं विक्रय पर रोकथाम के लिए जारी विशेष निरोधात्मक अभियान के तहत साढ़े चार लाख लीटर वाॅश नष्ट करते हुए 755 लोगों को गिरफ्तार किया है। आबकारी विभाग द्वारा शुक्रवार को यहां जारी विज्ञप्ति में बताया गया है कि गत एक से 21 मई तक चलाये गये अभियान के तहत 1652 अभियोग दर्ज किये गये।

    संबंधित खबरें: India-Cyprus Agreement: भारत और साइप्रस ने रक्षा, साइबर सुरक्षा सहित छह क्षेत्रों में समझौते किये, आठ घोषणाएं भी की!

    इसके तहत विभिन्न जिलों में देशी मदिरा 16 लाख नौ हजार 715 रुपये लागत की 5994 लीटर, भारत निर्मित विदेशी मदिरा तीन करोड़ 17 लाख छह हजार 354 रुपये की 31 हजार 610 लीटर, बीयर 43 लाख 39 हजार 726 रुपये की 19 हजार 295 लीटर, स्प्रिट 20 लीटर एवं हथकड़ शराब 11 हजार 390 लीटर जब्त की गयी है।

    इसी क्रम में वाॅश चार लाख 50 हजार 663 लीटर नष्ट किया गया है। राज्य में अभियान के दौरान बडे वाहन 13, हल्के चार पहिया तीन एवं दुपहिया वाहन 56 सहित 73 वाहन जब्त करते हुए 755 व्यक्तियों काे गिरफ्तार किया गया है।

  • Irrigation Pipeline Dispute: सिंचाई परियोजना पर बवाल, विरोध के बावजूद छठी बार बिछाई गई पाइपलाइन!

    Irrigation Pipeline Dispute: सिंचाई परियोजना पर बवाल, विरोध के बावजूद छठी बार बिछाई गई पाइपलाइन!

    Irrigation Pipeline Dispute: राजस्थान में हनुमानगढ़ जिले के करणीसर-सहजीपुरा गांव में घग्गर नदी से किसानों के खेतों तक सिंचाई के लिये पानी पहुंचाने वाली पाइपलाइन को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा है। शनिवार को प्रशासन ने भारी पुलिस सुरक्षा के साथ छठी बार पाइपलाइन बिछाने का काम शुरू किया, लेकिन गांव में दो गुटों के बीच तनाव अब भी बरकरार है।

    प्राप्त जानकारी के अनुसार प्रशासन पहले पांच बार यह पाइपलाइन बिछा चुका है, लेकिन हर बार कुछ अज्ञात लोग पाइपलाइन तोड़ देते या उखाड़ देते हैं। आज भी पुलिस जाब्ते के साथ तहसीलदार हरीश सारण, सदर थाना प्रभारी राकेश सांखला और अन्य पुलिस कर्मी मौके पर मौजूद रहे। प्रशासन ने पाइपलाइन की सुरक्षा के लिए सीसीटीवी कैमरे भी लगवा दिए हैं फिर भी स्थानीय स्तर पर आक्रोश कम नहीं हुआ है।

    ग्रामीणों ने फिर स्पष्ट चेतावनी दी है कि अगर इस बार भी पाइपलाइन को नुकसान पहुंचाया गया तो वे बड़े आंदोलन पर उतर सकते हैं। गांव में इस मुद्दे को लेकर दो गुट बन गए हैं। एक गुट पाइपलाइन का समर्थन कर रहा है जबकि दूसरा गुट इसका विरोध कर रहा है। पूर्व में वामपंथी दलों और विभिन्न किसान संगठनों ने इस मुद्दे पर हनुमानगढ़ जिला मिनी सचिवालय के समक्ष कई दिनों तक धरना प्रदर्शन किया था।

    संबंधित ख़बरें: DM Inspects Pauri Health Centers: पौड़ी में डीएम ने किया स्वास्थ्य केंद्रों में निरीक्षक, कई कर्मचारी मिले अनुपस्थित!

    प्रदर्शनकारियों ने पुतले जलाकर अपना आक्रोश व्यक्त किया और प्रशासन पर किसानों की उपेक्षा का आरोप लगाया। इस मामले में पाइपलाइन तोड़ने या उखाड़ने वाले लोगों के खिलाफ थाने में मामला भी दर्ज कराया गया था, लेकिन इसके बावजूद स्थिति में कोई स्थाई सुधार नहीं आया है। जल संसाधन विभाग और जिला प्रशासन ने इस समस्या का स्थाई समाधान निकालने के लिए कई प्रयास किए, लेकिन अब तक कोई ठोस नतीजा नहीं निकला है।

    किसान इस पाइपलाइन से घग्गर नदी का पानी अपने खेतों तक पहुंचाने की मांग कर रहे हैं, जिससे उनकी सिंचाई की समस्या हल हो सके। प्रशासन का कहना है कि पाइपलाइन बिछाने से क्षेत्र के सैकड़ों किसानों को फायदा होगा और पानी की बर्बादी भी रुकेगी। दूसरी ओर विरोध करने वाले लोग अपनी कुछ स्थानीय समस्याएं और आशंकाएं जता रहे हैं।

    वर्तमान में गांव में तनावपूर्ण शांति बनी हुई है। प्रशासन ने किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद कर रखी है। यह देखना होगा कि छठी बार बिछाई जा रही पाइपलाइन कितने दिन टिक पाती है और प्रशासन आखिरकार इस विवाद का क्या स्थाई समाधान निकाल पाता है।

  • IRCTC Tour Package: “भारत गौरव पर्यटक ट्रेन” से 12 दिन की ‘डिवाइन राजस्थान विद उज्जैन यात्रा’ शुरू, 27 मार्च को सोलापुर से रवाना होगी विशेष ट्रेन

    IRCTC Tour Package: “भारत गौरव पर्यटक ट्रेन” से 12 दिन की ‘डिवाइन राजस्थान विद उज्जैन यात्रा’ शुरू, 27 मार्च को सोलापुर से रवाना होगी विशेष ट्रेन

    मुंबई/सोलापुर। Indian Railway Catering and Tourism Corporation (आईआरसीटीसी) ने “भारत गौरव पर्यटक ट्रेन” के तहत एक विशेष आध्यात्मिक और सांस्कृतिक टूर पैकेज(IRCTC Tour Package) “डिवाइन राजस्थान विद उज्जैन यात्रा” की घोषणा की है। यह यात्रा 11 रात और 12 दिन की होगी, जिसमें यात्रियों को राजस्थान की ऐतिहासिक विरासत और उज्जैन की आध्यात्मिक आस्था का अनुभव मिलेगा।

    यह विशेष पर्यटक ट्रेन 27 मार्च को Solapur से प्रस्थान करेगी। यात्रियों को Pune, Lonavala, Kalyan, Vasai Road और Surat जैसे प्रमुख रेलवे स्टेशनों से भी ट्रेन में चढ़ने की सुविधा दी जाएगी।

    आईआरसीटीसी पश्चिम क्षेत्र (मुंबई) के ग्रुप जनरल मैनेजर Gaurav Jha ने बताया कि इस यात्रा का उद्देश्य देश की समृद्ध सांस्कृतिक और धार्मिक धरोहर को लोगों तक पहुंचाना है। यह टूर भारत सरकार की “देखो अपना देश” और “एक भारत श्रेष्ठ भारत” पहल को भी बढ़ावा देता है।

    इन प्रमुख धार्मिक और पर्यटन स्थलों का मिलेगा दर्शन

    इस विशेष यात्रा के दौरान यात्रियों को राजस्थान और मध्यप्रदेश के कई प्रमुख धार्मिक एवं ऐतिहासिक स्थलों के दर्शन कराए जाएंगे। इसमें Udaipur की झीलें, Nathdwara में श्रीनाथजी मंदिर, Pushkar तीर्थ, Jodhpur और Jaipur के ऐतिहासिक किले और महल, Khatu Shyam Ji Temple तथा Ujjain में स्थित Mahakaleshwar Jyotirlinga के दर्शन शामिल हैं।

    यह यात्रा श्रद्धालुओं को धार्मिक अनुभव के साथ-साथ राजस्थान की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक विरासत को करीब से देखने का अवसर भी देगी।

    यात्रियों के लिए तीन श्रेणियों की सुविधा

    यात्रियों की सुविधा और बजट को ध्यान में रखते हुए इस ट्रेन में तीन अलग-अलग श्रेणियां उपलब्ध कराई गई हैं—

    • इकोनॉमी क्लास (स्लीपर) – ₹19,900 प्रति व्यक्ति
    • स्टैंडर्ड क्लास (3 एसी) – ₹31,920 प्रति व्यक्ति
    • कंफर्ट क्लास (2 एसी) – ₹41,840 प्रति व्यक्ति

    लगभग 750 यात्रियों की क्षमता वाली इस विशेष ट्रेन में प्रमुख स्टेशनों से चढ़ने और उतरने की सुविधा दी जाएगी।

    ऑल-इनक्लूसिव टूर पैकेज

    आईआरसीटीसी पश्चिम क्षेत्र, मुंबई के जनसंपर्क अधिकारी Dr. A. K. Singh ने बताया कि यह यात्रा पूरी तरह ऑल-इनक्लूसिव पैकेज के रूप में तैयार की गई है। इसमें रेल यात्रा, शुद्ध शाकाहारी भोजन, होटल में ठहरने की व्यवस्था, स्थानीय दर्शनीय स्थलों के लिए बस सेवा, टूर एस्कॉर्ट और यात्रा बीमा जैसी सुविधाएं शामिल हैं।

    आईआरसीटीसी का कहना है कि इस पैकेज के माध्यम से यात्रियों को सुरक्षित, आरामदायक और यादगार आध्यात्मिक यात्रा का अनुभव मिलेगा।

    बुकिंग और अधिक जानकारी के लिए इच्छुक यात्री आईआरसीटीसी की आधिकारिक पर्यटन वेबसाइट या नजदीकी आईआरसीटीसी पर्यटन कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं।