Category: BNCMC

  • Digital Thane: ठाणे जिले में डिजिटल प्रशासन की नई पहचान, डॉ. श्रीकृष्ण पांचाल की पहल को मुख्यमंत्री ने किया सम्मानित

    Digital Thane: ठाणे जिले में डिजिटल प्रशासन की नई पहचान, डॉ. श्रीकृष्ण पांचाल की पहल को मुख्यमंत्री ने किया सम्मानित

    ठाणे (संवाददाता): महाराष्ट्र के तेजी से विकसित हो रहे ठाणे जिले में डिजिटल प्रशासन (Digital Thane) का एक नया मॉडल सामने आया है। डिस्ट्रिक्ट कलेक्टर के नेतृत्व में ‘ई-गवर्नेंस इम्प्रूवमेंट मिशन’ के तहत शुरू की गई पहलों ने प्रशासन को अधिक पारदर्शी, जवाबदेह और आम नागरिकों के लिए सुलभ बना दिया है।
    ‘सेवा संवाद’ और ‘डिजी संवाद’ जैसी पहलों के जरिए प्रशासन ने नागरिकों को सरकारी दफ्तरों के चक्कर से राहत दी है। 15 अगस्त 2025 से शुरू ‘सेवा संवाद’ के तहत जिले के 873 ‘आपले सरकार’ सेवा केंद्रों पर QR कोड आधारित फीडबैक सिस्टम लागू किया गया है, जिससे नागरिक सीधे सेवाओं की गुणवत्ता, शुल्क और व्यवहार पर अपनी राय दर्ज कर सकते हैं। वहीं, WhatsApp आधारित ‘डिजी संवाद’ (9930001185) प्लेटफॉर्म ने 24×7 शिकायत दर्ज करने और उसे ट्रैक करने की सुविधा देकर प्रशासन को और अधिक रिस्पॉन्सिव बनाया है।


    इतिहास और भूमि प्रबंधन के क्षेत्र में भी ठाणे प्रशासन ने उल्लेखनीय कार्य किया है। ‘ई-संजीवन’ सिस्टम के माध्यम से 1890 से अब तक के जन्म और मृत्यु रिकॉर्ड को AI और ब्लॉकचेन तकनीक से सुरक्षित किया गया है। साथ ही ‘राजभूमि’ पोर्टल के जरिए सरकारी जमीनों का जियो-रेफरेंसिंग आधारित डिजिटल मैनेजमेंट शुरू कर अवैध कब्जों और लैंड माफिया पर अंकुश लगाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है।
    स्वास्थ्य, शिक्षा और बुनियादी ढांचे की सेवाओं को भी डिजिटल मैपिंग के जरिए आम नागरिकों के लिए सुलभ बनाया गया है। जिला अस्पताल, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, सरकारी स्कूल और सड़क नेटवर्क जैसी सुविधाओं की जानकारी अब एक क्लिक पर उपलब्ध है, जिससे आपदा प्रबंधन और भविष्य की योजना अधिक वैज्ञानिक तरीके से संभव हो पाई है।

    इसी उत्कृष्ट कार्य के लिए ‘150 Days of e-Governance Improvement’ कार्यक्रम के अंतर्गत ठाणे जिला प्रशासन के अधिकारियों को मुख्यमंत्री Devendra Fadnavis द्वारा सम्मानित किया गया। इस अवसर पर Ranjit Yadav, Ashutosh Dumbre, Manisha Awhale, Dr. D. Swami और Sunil Pawar को भी सम्मानित किया गया।
    ठाणे जिले में लागू यह ई-गवर्नेंस मॉडल न केवल तकनीकी बदलाव का उदाहरण है, बल्कि प्रशासनिक कार्यशैली में एक व्यापक और सकारात्मक परिवर्तन का प्रतीक बनकर उभरा है, जिससे आम नागरिकों का समय, पैसा और श्रम तीनों की बचत हो रही है।

  • Torrent Power की इफ्तार पार्टी, 20 वर्षों से कायम है सौहार्द की परंपरा

    Torrent Power की इफ्तार पार्टी, 20 वर्षों से कायम है सौहार्द की परंपरा

    भिवंडी। भिवंडी के गोपालनगर स्थित पाटीदार हॉल में मंगलवार, 10 मार्च की शाम टोरेंट पावर कंपनी (Torrent Power)की ओर से रोजा इफ्तार पार्टी का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में शहर के विभिन्न राजनीतिक दलों के नेता, सामाजिक संस्थाओं के प्रतिनिधि, पुलिस अधिकारी, नगरसेवक, मीडियाकर्मी और हिंदू-मुस्लिम समुदाय के लोग बड़ी संख्या में शामिल हुए।

    इफ्तार कार्यक्रम की शुरुआत से पहले मुस्लिम धर्मगुरु मुफ्ती हुजैफा ने रोजे के धार्मिक और सामाजिक महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने टोरेंट पावर द्वारा आयोजित इस इफ्तार पार्टी की सराहना करते हुए कहा कि इस तरह के आयोजन देश में एकता, भाईचारे और सामाजिक सौहार्द को मजबूत करते हैं।

    कार्यक्रम में शहर के विभिन्न पुलिस स्टेशनों के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक, भिवंडी मनपा के अधिकारी, विभिन्न पावरलूम संगठनों के प्रतिनिधि और शहर के कई प्रतिष्ठित नागरिक मौजूद थे। टोरेंट पावर की ओर से जीवन क्लर्क (उपाध्यक्ष), जय पांड्या, सुधीर देशमुख और पीआरओ चेतन बदियानी सहित कंपनी के अधिकारियों ने सभी अतिथियों का स्वागत किया।

    इस अवसर पर उपस्थित लोगों ने टोरेंट पावर द्वारा की गई व्यवस्थाओं की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रम समाज में सहयोग, शांति और आपसी सद्भाव को बढ़ावा देते हैं।

    टोरेंट पावर के पीआरओ चेतन बदियानी ने बताया कि कंपनी पिछले 20 वर्षों से लगातार रोजा इफ्तार पार्टी का आयोजन कर रही है। इसका मुख्य उद्देश्य समाज में सौहार्दपूर्ण माहौल बनाना और कंपनी व स्थानीय समुदाय के बीच संबंधों को मजबूत करना है।

    गौरतलब है कि इन दिनों भिवंडी में रोजा इफ्तार पार्टियों का दौर चल रहा है, लेकिन टोरेंट पावर द्वारा आयोजित यह इफ्तार कार्यक्रम अपनी भव्यता और व्यापक सहभागिता के कारण विशेष आकर्षण का केंद्र रहा।

  • Bhiwandi: लाइसेंस पंजीकरण और नई शुल्क सूची को लेकर संगठनों के साथ अहम बैठक

    Bhiwandi: लाइसेंस पंजीकरण और नई शुल्क सूची को लेकर संगठनों के साथ अहम बैठक

    भिवंडी। भिवंडी-निजामपुर शहर महानगरपालिका में लाइसेंस पंजीकरण, नवीनीकरण और नई शुल्क सूची को लेकर प्रशासन तथा विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। यह बैठक महानगरपालिका आयुक्त अनमोल सागर और अतिरिक्त आयुक्त नयना ससाणे के निर्देश पर उप-आयुक्त (लाइसेंस) बालकृष्ण क्षीरसागर की अध्यक्षता में उनके कार्यालय में संपन्न हुई।

    बैठक में चर्चा के दौरान यह तय किया गया कि नई लाइसेंस शुल्क सूची को अंतिम रूप देने से पहले पड़ोसी महानगरपालिकाओं की शुल्क दरों का तुलनात्मक अध्ययन किया जाएगा। इसके बाद एक संतुलित और सर्वमान्य शुल्क प्रस्ताव तैयार कर उसे नगर निगम की आगामी महासभा में मंजूरी के लिए पेश किया जाएगा।

    उप-आयुक्त बालकृष्ण क्षीरसागर ने भरोसा दिलाया कि इस निर्णय से लंबे समय से लंबित लाइसेंस वसूली और नवीनीकरण की प्रक्रिया को गति मिलेगी, जिससे नगर निगम के राजस्व में भी उल्लेखनीय वृद्धि होने की उम्मीद है।

    बैठक में प्रशासनिक अधिकारियों के साथ विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधि भी मौजूद रहे। इनमें प्रमुख रूप से नितिन पाटिल (सहायक आयुक्त, लाइसेंस विभाग), स्नेहल पुण्यार्थी (प्रमुख, विज्ञापन लाइसेंस विभाग), अशोक डोडी (मेडिकल एसोसिएशन), प्रज्वल शेट्टी और रामकृष्ण शेट्टी (बार एंड परमिट रूम एसोसिएशन) शामिल थे।

  • भिवंडी में मोबाइल चोरों का आतंक, एक ही दिन में 11 मोबाइल चोरी

    भिवंडी में मोबाइल चोरों का आतंक, एक ही दिन में 11 मोबाइल चोरी

    भिवंडी। भिवंडी शहर और आसपास के क्षेत्रों में मोबाइल चोरी की घटनाएं लगातार बढ़ती जा रही हैं। शहर के अलग-अलग इलाकों में एक ही दिन में चार बड़ी चोरी की वारदातें सामने आईं, जिनमें अज्ञात चोरों ने कुल 1 लाख 38 हजार 500 रुपये मूल्य के 11 मोबाइल फोन चोरी कर लिए। इस मामले में पुलिस ने शांतिनगर और कोनगांव पुलिस थानों में अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

    पुलिस के अनुसार पहली घटना रावजी नगर इलाके में हुई, जहां झुल्फिकार जावेद अहमद शाह (28) अपने दोस्त के साथ घर के बेडरूम में सो रहे थे। इसी दौरान चोरों ने मुख्य दरवाजा खोलकर घर में प्रवेश किया और करीब 40 हजार रुपये कीमत के 3 मोबाइल फोन चोरी कर लिए।

    इसी क्षेत्र में दूसरी घटना वाहिद कादिर बागवान (25) के घर हुई। यहां हॉल में चार्जिंग पर रखा करीब 20 हजार रुपये का मोबाइल फोन अज्ञात चोर चुरा ले गए।

    तीसरी वारदात रांजनोली इलाके में हुई, जहां फहीम आलम रईसुद्दीन शेख (38) अपने तीन दोस्तों के साथ सो रहे थे। इसी दौरान चोरों ने कमरे में घुसकर करीब 63 हजार रुपये कीमत के 4 मोबाइल फोन चोरी कर लिए।

    चौथी घटना भी रांजनोली में ही हुई, जहां राजेश मौर्या (31) के घर से करीब 15 हजार 500 रुपये कीमत के 2 मोबाइल फोन चोरी हो गए।

    इन सभी घटनाओं में पीड़ितों की शिकायत के आधार पर पुलिस ने अज्ञात चोरों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली है। पुलिस अब आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है और आरोपियों की तलाश में जुटी हुई है।

  • Safety Seminar:बिजली क्षेत्र में काम के दौरान ‘चेकलिस्ट’ और सुरक्षा नियमों का पालन जरूरी: आयुक्त अभिनव गोयल

    भिवंडी। विद्युत क्षेत्र में कार्य करते समय सुरक्षा नियमों का कड़ाई से पालन करना अत्यंत आवश्यक है और संभावित दुर्घटनाओं से बचने के लिए ‘चेकलिस्ट’ (जांच सूची) सबसे महत्वपूर्ण साधन है। प्रत्येक कर्मचारी को इसे अपनी कार्यप्रणाली का अनिवार्य हिस्सा बनाना चाहिए। यह बात कल्याण-डोंबिवली महानगरपालिका के आयुक्त अभिनव गोयल ने कही।

    राष्ट्रीय विद्युत सुरक्षा अभियान के तहत 10 मार्च 2026 को कल्याण-डोंबिवली महानगरपालिका और महाराष्ट्र सरकार के संयुक्त तत्वावधान में आचार्य अत्रे कॉन्फ्रेंस हॉल में एक विशेष संगोष्ठी का आयोजन किया गया था। इस अवसर पर उद्घाटन भाषण देते हुए आयुक्त अभिनव गोयल ने कहा कि विद्युत सुरक्षा केवल कागजों तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि इसे कार्य संस्कृति का अभिन्न हिस्सा बनाया जाना चाहिए।

    संगोष्ठी (Safety Seminar) में विभिन्न विशेषज्ञों ने बिजली से जुड़े तकनीकी विषयों और सुरक्षा उपायों पर विस्तृत जानकारी दी।
    विद्युत निरीक्षक राजेश यादव (ठाणे-2) ने ‘विद्युत अधिनियम 2003’ और केंद्रीय विद्युत प्राधिकरण विनियमन 2023 के महत्वपूर्ण सुरक्षा प्रावधानों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि नियमों की सही जानकारी ही दुर्घटनाओं से बचाव का सबसे प्रभावी उपाय है।
    सहायक विद्युत निरीक्षक अर्जुन जाधव (ठाणे-2) ने महाराष्ट्र में विद्युत क्षेत्र में होने वाली दुर्घटनाओं, उनके कारणों और उन्हें रोकने के उपायों पर विस्तृत प्रस्तुति दी।
    वहीं शाखा अभियंता भूषण मानकामे ने विद्युत इंस्टॉलेशन पर काम करते समय बरती जाने वाली आवश्यक सावधानियों के बारे में मार्गदर्शन किया।

    कार्यक्रम में शहर अभियंता अनीता परदेशी, महावितरण के अधीक्षक अभियंता अनिल थोरात, केडीएमसी के अतिरिक्त शहर अभियंता (विद्युत) प्रशांत भागवत, कार्यकारी अभियंता जितेंद्र शिंदे, उप अभियंता भगवत पाटिल, जितेंद्र पाटिल सहित कई अधिकारी और गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।

    इस संगोष्ठी में कल्याण-डोंबिवली, उल्हासनगर, ठाणे, भिवंडी और नवी मुंबई नगर निगमों के विद्युत अभियंता, कर्मचारी, ठेकेदार और महावितरण के कर्मचारी बड़ी संख्या में शामिल हुए। कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित लोगों ने विद्युत सुरक्षा की शपथ लेकर सुरक्षित कार्य करने का संकल्प लिया।

  • Bhiwandi: भिवंडी में बेटी ने ही लगाया पिता को लाखों का चूना, प्रेमी के साथ गहने और नकदी लेकर हुई फरार; दोनों गिरफ्तार

    Bhiwandi: भिवंडी में बेटी ने ही लगाया पिता को लाखों का चूना, प्रेमी के साथ गहने और नकदी लेकर हुई फरार; दोनों गिरफ्तार

    भिवंडी(Bhiwandi) | संवाददाता: महाराष्ट्र के भिवंडी शहर से रिश्तों को शर्मसार कर देने वाला एक मामला सामने आया है। यहां एक बेटी ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर अपने ही घर में चोरी की वारदात को अंजाम दिया और पिता के करीब 10.65 लाख रुपये नकदी और सोने के आभूषण लेकर फरार हो गई। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी बेटी और उसके प्रेमी को गिरफ्तार कर लिया है।

    पुलिस के अनुसार, यह घटना भिवंडी के छत्रपति शिवाजी महाराज चौक स्थित प्रेसिडेन्सी प्लाजा इमारत की है। यहां रहने वाले सोहनलाल चौधरी ने जब अपने घर के सीसीटीवी फुटेज की जांच की, तो 6 मार्च की रिकॉर्डिंग में दो संदिग्ध व्यक्ति घर से एक ट्रैवल बैग और एक थैला लेकर जाते हुए दिखाई दिए।

    फुटेज देखने के बाद जब उन्होंने घर की अलमारी की जांच की, तो उनके होश उड़ गए। अलमारी से 10 लाख 65 हजार रुपये नकद और सोने के आभूषण गायब थे।

    चोरी की जानकारी मिलते ही सोहनलाल चौधरी ने निजामपुर पुलिस स्टेशन में अपनी बेटी पूजा, उसके दोस्त अर्सलान महफूजुर्रहमान खान और एक अन्य अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई।

    मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तुरंत जांच शुरू की और जाल बिछाकर पूजा और अर्सलान को हिरासत में ले लिया। पूछताछ के बाद दोनों को औपचारिक रूप से गिरफ्तार कर लिया गया।

    दोनों आरोपियों को भिवंडी अदालत में पेश किया गया, जहां अदालत ने उन्हें 12 मार्च तक पुलिस हिरासत में भेजने का आदेश दिया है।

    इस संबंध में सहायक पुलिस निरीक्षक विनोद चव्हाण ने बताया कि मामले की आगे की जांच जारी है और चोरी की पूरी रकम व आभूषणों की बरामदगी के लिए प्रयास किए जा रहे हैं।

  • BNMC: भिवंडी-निजामपुर महानगरपालिका की पहली महासभा टली, स्थायी समिति सभापति पद को लेकर राष्ट्रवादी (श.प.) में खींचतान

    BNMC: भिवंडी-निजामपुर महानगरपालिका की पहली महासभा टली, स्थायी समिति सभापति पद को लेकर राष्ट्रवादी (श.प.) में खींचतान

    भिवंडी | संवाददाता: भिवंडी-निजामपुर शहर महानगरपालिका (BNMC) की बहुप्रतीक्षित पहली महासभा सोमवार (9 मार्च) को आयोजित होने वाली थी, लेकिन ऐन वक्त पर इसे अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दिया गया। नगर सचिव विभाग ने अधिसूचना जारी कर बताया कि ‘अपरिहार्य कारणों’ की वजह से सभा को टाल दिया गया है।

    नगर निगम के आम चुनाव के बाद महापौर के चुनाव में करीब एक महीने का समय लगा था। इसके बाद 20 फरवरी को महापौर का चुनाव संपन्न हुआ था। वहीं, इसके लगभग 15 दिन बाद 9 मार्च को पहली महासभा आयोजित करने के लिए अधिसूचना जारी की गई थी।

    इस महासभा के एजेंडे में दो अहम विषय शामिल थे—

    • स्थायी समिति के 16 सदस्यों का चयन
    • प्रभाग समितियों का पुनर्गठन

    हालांकि, बैठक से ठीक पहले नगर सचिव विभाग ने इसे स्थगित करने का फैसला लिया। नगर निगम के गलियारों में चर्चा है कि सभा टलने के पीछे असली वजह स्थायी समिति के सभापति पद को लेकर राजनीतिक खींचतान है।

    बताया जा रहा है कि सेक्युलर फ्रंट गठबंधन के तहत स्थायी समिति का सभापति पद राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरद पवार गुट) के हिस्से में आया है। शुरुआत में यह संभावना जताई जा रही थी कि पूर्व उपमहापौर इमरान खान की बेटी ईशा खान को इस पद की जिम्मेदारी दी जा सकती है।

    लेकिन पार्टी के वरिष्ठ नगरसेवक फराज (बाबा) बहाउद्दीन ने भी इस पद के लिए अपना दावा पेश कर दिया है। इसी दावेदारी के चलते पार्टी के भीतर असंतोष और खींचतान बढ़ गई है, जिसे महासभा स्थगित होने का मुख्य कारण माना जा रहा है।

  • Fire Accident: भिवंडी में भीषण आग की चपेट में आकर छह गोदाम जलकर खाक, लाखों का सामान स्वाहा

    Fire Accident: भिवंडी में भीषण आग की चपेट में आकर छह गोदाम जलकर खाक, लाखों का सामान स्वाहा

    भिवंडी: भिवंडी तालुका के मानकोली स्थित हरिहर कंपाउंड में रविवार दोपहर अचानक भीषण आग लग गई, जिसमें छह गोदाम पूरी तरह जलकर खाक (Fire Accident) हो गए। आग ‘ए 2’ नामक दो मंजिला इमारत में लगी, जहाँ बॉम्बे ट्रॉफी कंपनी के गद्दे और कागज के रोल बनाए जाते थे।

    रविवार होने के कारण कंपनी में कर्मचारियों की संख्या कम थी। आग लगते ही मौजूद कर्मचारियों ने इमारत से बाहर भागकर अपनी जान बचाई। हालांकि, गोदाम में ज्वलनशील सामग्री होने के कारण आग ने तेजी से विकराल रूप ले लिया।

    प्राथमिक जानकारी के अनुसार, आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है। घटना की सूचना पाकर भिवंडी दमकल विभाग की तीन गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और आग बुझाने में जुट गईं। दमकल कर्मियों ने बताया कि पानी की कमी ने आग बुझाने में मुश्किलें बढ़ा दीं।

    सौभाग्य से इस हादसे में कोई जनहानि नहीं हुई। लेकिन छह गोदामों में रखे लाखों रुपये मूल्य के गद्दे और कागज के रोल पूरी तरह जलकर नष्ट हो गए।

    स्थानीय प्रशासन ने नुकसान का आकलन शुरू कर दिया है और प्रभावित व्यापारियों को राहत देने की तैयारियां की जा रही हैं।

  • The fight for power: भिवंडी की महापौर कुर्सी पर भाजपा की नजर,बंदरों की लड़ाई और बिल्ली की चाल-सत्ता से दूर होती कांग्रेस

    The fight for power: भिवंडी की महापौर कुर्सी पर भाजपा की नजर,बंदरों की लड़ाई और बिल्ली की चाल-सत्ता से दूर होती कांग्रेस

    अश्विनी कुमार दुबे

    भिवंडी।
    भिवंडी-निजामपुर महानगरपालिका में महापौर पद की सियासत(The fight for power) अब बिल्कुल उसी कहावत को चरितार्थ करती दिख रही है, “दो बंदरों की लड़ाई में बिल्ली रोटी ले जाती है।” सत्ता के लिए सेक्युलर फ्रंट की पार्टियां आपस में उलझी हुई हैं और इसी उहापोह के बीच भारतीय जनता पार्टी ‘बिल्ली’ की तरह सही मौके की ताक में बैठी है, ताकि भिवंडी की महापौर कुर्सी चुपचाप अपने पाले में खींच ले जाए।

    कांग्रेस, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरद पवार गुट) और समाजवादी पार्टी द्वारा गठित ‘भिवंडी सेक्युलर फ्रंट’ संख्या बल के लिहाज से मजबूत जरूर है, लेकिन नेतृत्व और श्रेय को लेकर जारी खींचतान ने उसकी ताकत को कमजोर कर दिया है। महापौर पद पर कांग्रेस का दावा होगा या समाजवादी पार्टी का—इसी सवाल ने फ्रंट को भीतर से बांध रखा है। हालात ऐसे बनते दिख रहे हैं कि कांग्रेस के लिए सत्ता तक पहुंच पाना अब आसान नहीं, बल्कि मुश्किल नजर आ रहा है।

    दूसरी ओर भाजपा ने प्रदेश नेतृत्व के निर्देश पर नारायण रतन चौधरी के नाम की घोषणा कर साफ संकेत दे दिया है कि वह किसी भी स्थिति के लिए तैयार है। भाजपा और शिवसेना के पास फिलहाल 34 पार्षद हैं, जो बहुमत से कम हैं, लेकिन राजनीति में केवल गणित ही सब कुछ नहीं होता। पार्टी के भीतर गुटबाजी और वर्चस्व की जंग के बावजूद भाजपा का पूरा फोकस सेक्युलर फ्रंट की अंदरूनी कमजोरी पर टिका है। यही कमजोरी भाजपा के लिए अवसर बनती जा रही है।

    भाजपा के भीतर विधायक महेश चौघुले और पूर्व केंद्रीय मंत्री कपिल पाटिल के बीच चल रही खींचतान इसे और दिलचस्प बनाती है। वहीं सुमित पाटिल की दावेदारी ने पार्टी के सामने अनुशासन और रणनीति की परीक्षा खड़ी कर दी है। इसके बावजूद भाजपा की नजर साफ है—यदि विरोधी खेमे आपस में लड़ते रहे, तो सत्ता की ‘रोटी’ उसके हिस्से आ सकती है।

    इस पूरे खेल में भिवंडी विकास अघाड़ी, कोणार्क विकास अघाड़ी और निर्दलीय पार्षद मिलकर ‘किंगमेकर’ की भूमिका में हैं। ये पार्षद तय करेंगे कि बंदरों की लड़ाई लंबी चलेगी या बिल्ली बाज़ी मार ले जाएगी। अफसोस की बात यह है कि इस राजनीतिक शतरंज में शहर के विकास का एजेंडा पूरी तरह हाशिए पर चला गया है।

    जलापूर्ति, स्वच्छता, यातायात, अवैध निर्माण और उद्योग-व्यापार जैसे बुनियादी सवालों पर चर्चा की जगह सिर्फ कुर्सी की गणना हो रही है। भिवंडी की जनता यह देख रही है कि नेता सत्ता की बाज़ी में उलझे हैं, जबकि शहर को स्थिर नेतृत्व की सख्त जरूरत है।

    अब सवाल सिर्फ यह नहीं है कि महापौर कौन बनेगा, बल्कि यह है कि क्या राजनीतिक दल यह समझ पाएंगे कि सत्ता कोई शिकार नहीं, बल्कि जिम्मेदारी है। अगर सेक्युलर फ्रंट आपसी लड़ाई में उलझा रहा, तो भिवंडी की महापौर कुर्सी भाजपा की ‘बिल्ली’ उठा ले जाएगी—और कांग्रेस को सत्ता के सपने से हाथ धोना पड़ सकता है।

  • Chain Snaching: ‘धूम’ स्टाइल में महिला के गले से सोने की चेन छीनी, फरार हुए आरोपी

    Chain Snaching: ‘धूम’ स्टाइल में महिला के गले से सोने की चेन छीनी, फरार हुए आरोपी

    भिवंडी: ठाणे-नाशिक हाईवे पर एक चौंकाने वाली घटना हुई, जिसमें दो अज्ञात बाइक सवारों ने महिला के गले से सोने की चेन छीनी((Chain snaching)) और फरार हो गए। पुलिस के अनुसार, आर्या आशीष पातकर (34, निवासी कल्याण) 5 फरवरी की रात करीब पौने दस बजे अपने पति के साथ बाइक से ठाणे-नाशिक हाईवे होकर घर लौट रही थीं।

    इसी दौरान, पीछे से आए दो अज्ञात बाइक सवारों में से एक ने आर्या पातकर के गले से 1 लाख 50 हजार रुपये मूल्य की सोने की चेन जबरन छीनी और नाशिक की ओर भाग निकले।

    इस मामले में कोनगांव पुलिस स्टेशन में अज्ञात चोरों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। पुलिस आरोपियों की तलाश कर रही है और स्थानीय लोगों से भी किसी जानकारी के लिए संपर्क करने का अनुरोध किया गया है।