नयी दिल्ली: Ministry of Road Transport and Highways ने कहा है कि Madhya Pradesh में इंदौर-खंडवा मार्ग पर बन रही तीन आधुनिक सुरंगों और चार लेन राजमार्ग परियोजना से यात्रा समय में बड़ी कमी आएगी। इसके साथ ही सड़क सुरक्षा, पर्यावरण संरक्षण और क्षेत्रीय आर्थिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा। मंत्रालय के अनुसार परियोजना पूरी होने के बाद Indore से Omkareshwar तक का सफर घटकर लगभग एक घंटा रह जाएगा। इससे दुर्गम घाट क्षेत्रों में दुर्घटनाओं और यातायात जाम की समस्या से राहत मिलने की उम्मीद है। (MP Highway Project)
जानकारी के मुताबिक इंदौर-इच्छापुर कॉरिडोर के अंतर्गत राष्ट्रीय राजमार्ग-347 बीजी के 33.4 किलोमीटर लंबे तेजाजी नगर-बलवारा खंड को दो लेन से चार लेन में बदला जा रहा है। करीब 924 करोड़ रुपये की लागत वाली यह परियोजना 88 प्रतिशत पूरी हो चुकी है और इसके इस वर्ष के अंत तक तैयार होने की संभावना है।
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परियोजना के तहत दुर्गम घाट क्षेत्रों में नई ऑस्ट्रियन टनलिंग विधि (NATM) से तीन सुरंगों का निर्माण किया जा रहा है। इनमें 575 मीटर लंबी भेरूघाट सुरंग, 480 मीटर लंबी बैग्राम सुरंग और 550 मीटर लंबी चोराल घाट सुरंग शामिल हैं। इन सुरंगों से दुर्घटना संभावित घाट क्षेत्रों में यातायात अधिक सुरक्षित और सुगम होगा।
मंत्रालय ने बताया कि परियोजना पूरी होने के बाद Khandwa, Burhanpur, Jalgaon और इंदौर के बीच संपर्क बेहतर होगा। साथ ही Simhastha Kumbh 2028 के दौरान श्रद्धालुओं की आवाजाही भी सुचारु हो सकेगी। परियोजना में आधुनिक जल निकासी प्रणाली, क्रैश बैरियर, सड़क सुरक्षा संकेतक, वर्षा जल प्रबंधन और हरित पट्टी विकास जैसी सुविधाएं भी शामिल की गई हैं, ताकि राजमार्ग को सुरक्षित और पर्यावरण अनुकूल बनाया जा सके।

