मुंब्रा से सबसे ज्यादा और कोपरी से सबसे कम कॉल; औसतन 9 मिनट के भीतर पुलिस ने दी आपात सहायता
ठाणे। ठाणे पुलिस ने एक बार फिर आपातकालीन परिस्थितियों में त्वरित सहायता उपलब्ध कराने की अपनी प्रतिबद्धता साबित की है। 1 जून से 10 जुलाई 2026 के बीच महज 40 दिनों में ठाणे पुलिस कंट्रोल रूम को 22,507 इमरजेंसी कॉल प्राप्त हुए। पुलिस ने प्रत्येक कॉल पर त्वरित कार्रवाई करते हुए कम से कम समय में मौके पर पहुंचकर नागरिकों की सहायता करने का प्रयास किया।

पुलिस आयुक्त आशुतोष डुंबरे के मार्गदर्शन में ठाणे पुलिस आयुक्तालय का कंट्रोल रूम चौबीसों घंटे कार्यरत है। कंट्रोल रूम में प्राप्त प्रत्येक आपातकालीन कॉल को तुरंत संबंधित पुलिस स्टेशन तक पहुंचाया जाता है, जिससे समय पर कार्रवाई सुनिश्चित हो सके।
आंकड़ों के अनुसार, 1 से 30 जून के बीच कंट्रोल रूम(Thane Police Control Room) में 17,598 कॉल दर्ज हुए, जबकि 1 से 10 जुलाई के दौरान 4,909 कॉल प्राप्त हुए। इस तरह प्रतिदिन औसतन 560 से अधिक नागरिकों ने आपात सहायता के लिए पुलिस से संपर्क किया।
इन कॉलों में महिला उत्पीड़न, वरिष्ठ नागरिकों की सहायता, चोरी, सेंधमारी, मारपीट, गुमशुदगी, महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा, प्राकृतिक आपदाओं तथा संदिग्ध गतिविधियों से जुड़ी शिकायतें प्रमुख रहीं।
पुलिस स्टेशनवार आंकड़ों में मुंब्रा पुलिस स्टेशन क्षेत्र से सबसे अधिक 1,746 कॉल प्राप्त हुए। इसके बाद कलवा और मानपाड़ा तथा नौपाड़ा क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में कॉल दर्ज किए गए। वहीं, कोपरी पुलिस स्टेशन क्षेत्र से सबसे कम 177 कॉल प्राप्त हुए।
पुलिस ने न केवल कॉल रिसीव किए, बल्कि त्वरित प्रतिक्रिया भी दी। जून में औसत 8 मिनट 36 सेकंड और जुलाई के पहले दस दिनों में 9 मिनट 2 सेकंड के भीतर पुलिस घटनास्थल तक पहुंची। जून में ठाणे नगर पुलिस स्टेशन का औसत प्रतिक्रिया समय 5 मिनट 15 सेकंड रहा, जबकि जुलाई के पहले दस दिनों में कोनगांव पुलिस स्टेशन ने औसतन 6 मिनट 10 सेकंड में प्रतिक्रिया देकर सबसे तेज कार्रवाई दर्ज की।
सहायक पुलिस आयुक्त निशिकांत विश्वकर ने नागरिकों से अपील की कि किसी भी आपात स्थिति में घबराने के बजाय तुरंत 112 हेल्पलाइन पर संपर्क करें और घटना स्थल की सटीक जानकारी दें, ताकि पुलिस बिना समय गंवाए मौके पर पहुंचकर सहायता प्रदान कर सके।

