Category: Uncategorized

  • Election News:बुलढाणा नगरपालिका चुनाव में हड़कंप: दो फर्जी मतदाता पकड़े गए, घाटाखाल से गाड़ियों में भरकर लाए जाने का आरोप

    बुलढाणा नगरपालिका चुनाव में आज सुबह 7 बजे से मतदान शुरू होते ही फर्जी मतदान का मामला सामने आ गया। मतदान शुरू हुए मुश्किल से डेढ़ घंटा भी नहीं बीता था कि प्रभाग क्रमांक 15 के गांधी प्राथमिक विद्यालय मतदान केंद्र पर दो बोगस मतदाता पकड़े गए।

    बुलढाणा नगरपालिका चुनाव में दो फर्जी मतदाता गिरफ्तार, घाटाखाल से गाड़ियों में भरकर लाए जाने का आरोप
    बुलढाणा नगरपालिका चुनाव में मतदान शुरू होते ही बड़ा विवाद सामने आया। प्रभाग 15 के गांधी प्राथमिक विद्यालय मतदान केंद्र पर दो बोगस मतदाता रंगेहाथ पकड़े गए। आरोप है कि कोथळी और इब्राहिमपुर से गाड़ियों में भरकर फर्जी मतदाता बुलढाणा लाए गए। कांग्रेस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग की है।

    जानकारी के अनुसार, कोथळी (ता. मोताळा) के एक व्यक्ति ने वैभव देशमुख नामक वोटर की जगह मतदान किया, जिसके तुरंत बाद उसे रंगेहाथ दबोचा गया। उसके साथ एक और व्यक्ति मिला, जो कथित रूप से फर्जी मतदान के लिए आया था। बताया जा रहा है कि कोथळी और इब्राहिमपुर से और भी लोगों को फर्जी मतदाता बनाकर बुलढाणा लाया गया है।

    स्थानीय सूत्रों का दावा है कि घाटाखाल क्षेत्र से करीब दो गाड़ियाँ भरकर फर्जी मतदाताओं को शहर में लाया गया। इस गंभीर प्रकरण को लेकर कांग्रेस ने पुलिस प्रशासन से तुरंत कार्रवाई करने और पूरे मामले की सख्त दखल लेने की मांग की है।

  • BJP Faces Internal Rift Over New Varanasi District President: वाराणसी BJP में जिलाध्यक्ष की नियुक्ति पर मचा घमासान, बड़े नेताओं की खींचतान तेज

    BJP Faces Internal Rift Over New Varanasi District President: वाराणसी BJP में जिलाध्यक्ष की नियुक्ति पर मचा घमासान, बड़े नेताओं की खींचतान तेज

    अश्विनी कुमार दुबे

    मुंबई। भारतीय जनता पार्टी की वाराणसी जिला इकाई में नए जिलाध्यक्ष की नियुक्ति को लेकर चल रहा विवाद अब खुलकर सामने आ गया है। लंबे समय से फैसले के टलने के पीछे संगठन के भीतर बढ़ती खींचतान और बड़े नेताओं के प्रभाव के चलते उनके प्रतिनिधियों को आगे बढ़ाने की कोशिशों को कारण माना जा रहा है। इससे 25–30 वर्षों से पार्टी के साथ खड़े पुराने कार्यकर्ताओं में उपेक्षा की भावना गहरी होती दिख रही है।

    पिंडरा विधायक व पूर्व कांग्रेसी नेता डाॅ अवधेश सिंह

    पूर्व केंद्रीय मंत्री महेंद्र नाथ पाण्डेय

    चार बड़े नेता – चार प्रतिनिधि, बढ़ी खींचतान

    सूत्रों के मुताबिक, भाजपा के वर्तमान एमएलसी और जिलाध्यक्ष हंसराज विश्वकर्मा अपने प्रतिनिधि तथा सपा से आए रामप्रकाश सिंह ‘विरु’ को जिलाध्यक्ष बनवाने की तैयारी में लगे हैं।

    वहीं, पिंडरा विधायक और कांग्रेस पृष्ठभूमि वाले डॉ. अवधेश सिंह, अपने करीबी पवन सिंह को दौड़ में सबसे आगे लाने की रणनीति पर काम कर रहे हैं।

    योगी सरकार के प्रभावशाली मंत्री अनिल राजभर की पसंद संजय सिंह बताई जा रही है।
    इसके अलावा, पूर्व केंद्रीय मंत्री महेंद्र पांडेय भी अपने करीबी और विवादित भूमि कारोबारी अखंड प्रताप सिंह को अध्यक्ष बनाने की मशक्कत में जुटे हैं।

    चार नेताओं के चार अलग-अलग नामों की अनुशंसा ने संगठन में गुटबाजी को तेज कर दिया है, जिससे निर्णय लगातार अटकता जा रहा है।


    योगी सरकार में मंत्री अनिल राजभर

    पुराने कार्यकर्ताओं में बढ़ी उपेक्षा की भावना

    जिलाध्यक्ष पद की रेस में पूरी तरह नेताओं के प्रतिनिधियों के शामिल होने से उन समर्पित कार्यकर्ताओं में नाराजगी बढ़ गई है, जिन्होंने वर्षों तक पार्टी की जड़ों को सींचा है।
    सवाल यह उठ रहा है कि—

    क्या भाजपा अपने पुराने समर्पित कार्यकर्ताओं को फिर से दरकिनार करने जा रही है?

    पार्टी कार्यकर्ताओं के बीच यह संदेश तेजी से फैल रहा है कि नेतृत्व केवल शक्ति केंद्रित गुटों और उनके प्रतिनिधियों को तरजीह दे रहा है, जबकि संगठन को जमीन पर मजबूत बनाने वाले पुराने चेहरे पीछे छूटते जा रहे हैं।


    योगी सरकार में मंत्री अनिल राजभर

    मोदी के संसदीय क्षेत्र में पद का महत्व बढ़ा दबाव

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र होने के कारण वाराणसी जिलाध्यक्ष का पद अत्यंत रणनीतिक माना जाता है।
    यही वजह है कि प्रदेश नेतृत्व किसी तरह की चूक नहीं करना चाहता। गुटों को साधने और विवाद को शांत करने की कोशिश की जा रही है, लेकिन अलग-अलग नेताओं के दबाव में निर्णय बार-बार आगे बढ़ता जा रहा है।


    जल्द मिल सकता है नया अध्यक्ष, लेकिन कौन?

    संगठन सूत्रों का कहना है कि गहन खींचतान के बावजूद जल्द ही जिलाध्यक्ष की घोषणा हो सकती है।
    लेकिन बड़ा सवाल जस का तस है—

    • क्या पद नेताओं के प्रतिनिधियों को मिलेगा?
    • या तीन दशक से पार्टी का झंडा उठाने वाले किसी पुराने चेहरे को मौका मिलेगा?

    फिलहाल यह वाराणसी भाजपा की सबसे बड़ी राजनीतिक पहेली बनी हुई है।

  • Dining with Kapoors: ‘डाइनिंग विद द कपूर्स’ का ट्रेलर रिलीज: कपूर परिवार के अनदेखे पल अब आएंगे पर्दे पर

    Dining with Kapoors: ‘डाइनिंग विद द कपूर्स’ का ट्रेलर रिलीज: कपूर परिवार के अनदेखे पल अब आएंगे पर्दे पर

    कपूर परिवार, जो दशकों से भारतीय सिनेमा की धड़कन रहे हैं, अब अपनी निजी यादों और खाने-पीने के शौक को एक नई डॉक्यूमेंट्री में साझा कर रहे हैं। जारी ट्रेलर में परिवार के विभिन्न सदस्य अनौपचारिक अंदाज़ में दिखते हैं — रणबीर कपूर किचन में एक्सपेरिमेंट करते हैं, करिश्मा और करीना अपनी यादें बाँटती हैं, जबकि पूरे परिवार में हंसी-मज़ाक और हल्की-फुल्की तकरार ट्रेलर को जीवंत बनाती है।

    ट्रेलर का एक इमोशनल मोड़ तब आता है जब परिवार राज कपूर की 100वीं जयंती को याद करता है — यादों में खोए हुए चेहरों की नॉस्टैल्जिया साफ़ झलकती है। करीना और सैफ की मौजूदगी ने ट्रेलर में कैमिस्ट्री और ग्लैमर का तड़का भी जोड़ दिया है। कुल मिलाकर ट्रेलर एक दिलचस्प मिश्रण पेश करता है: ग्लैमर के साथ पारिवारिक अपनापन और खाने-पीने के साथ जुड़ी यादें।

    • ट्रेलर में पूरा कपूर परिवार आरामदेह, अनौपचारिक अंदाज में दिखता है — रणबीर कपूर किचन में प्रयोग करते दिखते हैं और भाई-बहनों के बीच मस्ती चलती रहती है।
    • करिश्मा और करीना कपूर पारिवारिक किस्से साझा करती हैं; करीना पर प्यार का ज़िक्र आते ही माहौल भावुक और मधुर हो जाता है।
    • नीतू कपूर, रिद्धिमा कपूर साहनी व अन्य सदस्य राज कपूर की 100वीं जयंती पर यादगार पलों को याद करते हुए नज़र आते हैं।
    • खास आकर्षण: करीना के साथ उनके पति और कपूर परिवार के दामाद सैफ अली खान की मौजूदगी — ग्लैमर और भावनात्मक जुड़ाव का मिश्रण।

  • लड़के के नाम पर पुणे में 40 एकड़ सरकारी ज़मीन हड़पने वाले अजित पवार को मंत्रिमंडल से बर्खास्त किया जाए: हर्षवर्धन सपकाल

    लड़के के नाम पर पुणे में 40 एकड़ सरकारी ज़मीन हड़पने वाले अजित पवार को मंत्रिमंडल से बर्खास्त किया जाए: हर्षवर्धन सपकाल

    मुंबई: महाराष्ट्र कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाळ ने उपमुख्यमंत्री अजित पवार पर गंभीर भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए उनकी मंत्रिमंडल से तत्काल बर्खास्तगी की मांग की है। सपकाळ ने कहा कि अजित पवार के पुत्र पार्थ पवार की कंपनी ने पुणे में वतन की 40 एकड़ सरकारी जमीन को भ्रष्ट तरीके से हड़प लिया, जिसकी कीमत हजारों करोड़ रुपए है, पर यह जमीन मात्र 300 करोड़ रुपए में बेची गई, और स्टांप ड्यूटी सिर्फ 500 रुपए चुकाई गई।


    सरकारी जमीन का सौदा कैसे हुआ?: कांग्रेस का सवाल

    सपकाळ ने सवाल उठाया कि जब यह जमीन राज्य सरकार के अधिकार में थी, तो उसका यह निजी सौदा हुआ ही कैसे? उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को साहस दिखाते हुए “भ्रष्ट उपमुख्यमंत्री अजित पवार की तत्काल बर्खास्तगी” करनी चाहिए।


    पार्थ पवार की कंपनी ‘अमेडिया’ पर गंभीर आरोप

    कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष ने बताया कि पार्थ पवार की ‘Amedia’ (अमेडिया) नामक कंपनी ने यह सौदा किया है।

    • इस कंपनी की अधिकृत पूंजी मात्र ₹1 लाख है।
    • कंपनी ने पुणे के कोरेगांव पार्क क्षेत्र में स्थित इस वतन जमीन को अत्यंत कम दाम में खरीदा।
    • आश्चर्यजनक रूप से, इस कंपनी को आईटी पार्क बनाने की अनुमति सरकार के उद्योग संचालनालय ने केवल 48 घंटे में दे दी।

    सपकाळ ने कहा —

    “सरकार के अधिकार क्षेत्र में आने वाली वतन की जमीन को निजी कंपनी को कैसे बेचा जा सकता है? और स्टांप ड्यूटी माफ क्यों की गई? यह स्पष्ट रूप से भ्रष्टाचार का मामला है।”

    उन्होंने मांग की कि इस पूरे जमीन सौदे को तत्काल रद्द किया जाए, संबंधित अधिकारियों को निलंबित किया जाए और उच्चस्तरीय जांच की जाए।


    शेतकऱ्यांना मोफत नको, पण खुद की जमीन फुकटात: सपकाळ का तंज

    हर्षवर्धन सपकाळ ने अजित पवार पर तीखा कटाक्ष करते हुए कहा कि —

    “जो उपमुख्यमंत्री किसानों को ‘सदैव मुफ्त मत मांगो’ जैसी नसीहत देते हैं, वही अब सरकारी जमीनें फ्री में लूट रहे हैं। किसानों के लिए जब कर्जमाफी की बात आती है तो उन्हें दर्द होता है, लेकिन खुद के लिए 21 करोड़ रुपये की स्टांप ड्यूटी माफ करा लेते हैं।”

    उन्होंने इसे “एक बड़े जमीन घोटाले (Land Scam)” की संज्ञा दी और मुख्यमंत्री से मांग की कि वे इस पर स्पष्ट जवाब और कार्रवाई करें।

  • Maharashtra Infrastructure Project: उत्तन-विरार समुद्री पुल अब वधावन बंदरगाह तक बढ़ेगा, मुंबई को मिलेगा नया कनेक्टिविटी कॉरिडोर

    Maharashtra Infrastructure Project: उत्तन-विरार समुद्री पुल अब वधावन बंदरगाह तक बढ़ेगा, मुंबई को मिलेगा नया कनेक्टिविटी कॉरिडोर

    मुंबई: मुंबई में यातायात जाम की पुरानी समस्या को दूर करने और शहर के उत्तर-दक्षिण संपर्क को सुदृढ़ बनाने के लिए एक बड़ी घोषणा की गई है। उत्तन-विरार समुद्री पुल परियोजना को अब वधावन बंदरगाह तक विस्तारित किया जाएगा। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की अध्यक्षता में मंत्रालय में हुई बुनियादी ढाँचा कैबिनेट समिति की बैठक में इस प्रस्ताव को मंजूरी दी गई।

    🌉 मुंबई के उत्तर-दक्षिण संपर्क को नई दिशा

    मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा कि उत्तन-विरार समुद्री पुल परियोजना की कुल लंबाई 55.12 किलोमीटर होगी। इसमें मुख्य समुद्री पुल 24.35 किलोमीटर लंबा होगा। इसके साथ ही,

    • 9.32 किमी उत्तन लिंक रोड,
    • 2.5 किमी वसई लिंक रोड, और
    • 18.95 किमी विरार लिंक रोड
      का भी निर्माण किया जाएगा।

    इसके अलावा, इस सड़क को वधावन बंदरगाह तक जोड़ने के लिए एक नई संपर्क सड़क विकसित की जाएगी, जिससे यह परियोजना न केवल मुंबई बल्कि पालघर ज़िले के तटीय इलाकों के लिए भी विकास का मार्ग प्रशस्त करेगी।

    🛣️ मुंबई का ट्रैफिक नेटवर्क होगा सुगम

    फडणवीस ने कहा कि वर्तमान में मुंबई की प्रमुख सड़कें — वेस्टर्न एक्सप्रेस हाईवे, एस.वी. रोड और लिंक रोड — अपनी क्षमता से अधिक यातायात वहन कर रही हैं। इस समुद्री पुल और लिंक रोड के निर्माण से शहर के उत्तर से दक्षिण तक आवागमन आसान होगा और दैनिक ट्रैफ़िक जाम में बड़ी राहत मिलेगी।

    🏗️ मुंबई के अन्य प्रमुख प्रोजेक्ट्स भी गति पर

    बैठक में बताया गया कि मुंबई में उत्तर-दक्षिण सड़क संपर्क परियोजना का कार्य तीव्र गति से चल रहा है।

    • साउथ कोस्ट रोड,
    • बांद्रा-वर्ली सी लिंक, और
    • अटल सेतु (मुंबई ट्रांस हार्बर लिंक) का कार्य पूर्ण हो चुका है।

    वहीं,

    • ऑरेंज गेट सुरंग,
    • वर्सोवा-बांद्रा सी ब्रिज,
    • नॉर्थ कोस्ट रोड,
    • सेवरी-वर्ली एलिवेटेड रोड, और
    • दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे कनेक्शन
      का कार्य प्रगति पर है।

    🌆 यातायात सुधार और विकास की नई दिशा

    उत्तन-विरार सी ब्रिज और विरार-अलीबाग बहुउद्देशीय कॉरिडोर जैसे प्रोजेक्ट्स के पूरा होने पर मुंबई महानगर क्षेत्र का संपूर्ण यातायात नेटवर्क आधुनिक और कुशल बनेगा। इन परियोजनाओं से न केवल यात्रा समय घटेगा, बल्कि आर्थिक गतिविधियों को भी नई गति मिलेगी।

  • Maharashtra News:बार-बार मतदान करने वाले मतदाता अब वोट नहीं डाल सकेंगे:महाराष्ट्र राज्य चुनाव आयोग

    Maharashtra News:बार-बार मतदान करने वाले मतदाता अब वोट नहीं डाल सकेंगे:महाराष्ट्र राज्य चुनाव आयोग

    मुंबई: महाराष्ट्र राज्य चुनाव आयोग ने गुरुवार को 246 नगर परिषद और 42 नगर पंचायत चुनावों की घोषणा करते हुए एक महत्वपूर्ण फैसला लिया है। आयोग ने स्पष्ट किया कि बार-बार मतदान करने वाले मतदाता अब वोट नहीं डाल सकेंगे। ऐसे मतदाताओं की पहचान के लिए एक विशेष टूल और नई प्रणाली लागू की गई है।

    बार-बार मतदान करने वालों की पहचान

    चुनाव आयोग ने बताया कि इस बार मतदान प्रक्रिया में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए बार-बार वोट देने वालों की पहचान की जाएगी। इसके लिए आयोग ने एक नया डिजिटल टूल तैयार किया है, जो मतदाता सूची में दोहराए गए नामों को स्वतः पहचान लेगा।

    मतदाताओं के लिए मोबाइल ऐप

    मतदाताओं की सुविधा के लिए आयोग ने एक मोबाइल ऐप भी लॉन्च किया है। इस ऐप पर मतदाता अपने नाम, मतदान केंद्र, क्षेत्रवार उम्मीदवारों की सूची, और उम्मीदवारों की आपराधिक, शैक्षिक व वित्तीय जानकारी देख सकेंगे।

    डबल स्टार से होगी पहचान

    आयोग ने बताया कि बार-बार मतदान करने वाले मतदाता के नाम के आगे “डबल स्टार ( ** )” लगाया जाएगा। इससे ऐसे मतदाताओं की पहचान आसानी से की जा सकेगी। जिन मतदाताओं के नाम के आगे यह चिन्ह होगा, वे वोट नहीं दे पाएंगे।

    एक नाम रद्द किया जाएगा

    राज्य चुनाव आयोग ने स्पष्ट किया कि ऐसे मामलों में अधिकारी मतदाता से संपर्क करेंगे। यदि मतदाता संतोषजनक जवाब नहीं देता, तो उसका एक नाम मतदाता सूची से रद्द कर दिया जाएगा।
    साथ ही, बार-बार वोट देने वालों से एक घोषणापत्र (Declaration Form) भरवाया जाएगा, जिसमें उन्हें यह सुनिश्चित करना होगा कि वे सिर्फ एक ही मतदान केंद्र पर वोट देंगे।

    ⚖️ पारदर्शिता की दिशा में कदम

    आयोग का यह कदम दोहरी प्रविष्टि और फर्जी मतदान पर रोक लगाने के उद्देश्य से उठाया गया है। इससे मतदान प्रक्रिया अधिक पारदर्शी और विश्वसनीय बनेगी तथा एक व्यक्ति द्वारा कई बार वोट देने की संभावना समाप्त होगी।

  • NDA Mook Andolan: मूक आंदोलन कर भाजपा ने किया पलटवार! — रविंद्र चव्हाण बोले, “सत्य मोर्चा नहीं, महाविकास आघाड़ी का नया राजनीतिक कट”

    NDA Mook Andolan: मूक आंदोलन कर भाजपा ने किया पलटवार! — रविंद्र चव्हाण बोले, “सत्य मोर्चा नहीं, महाविकास आघाड़ी का नया राजनीतिक कट”

    मुंबई: आगामी स्थानीय स्वराज संस्थाओं के चुनावों में संभावित हार को देखते हुए महाविकास आघाड़ी (MVA) मतदाता सूची पर संदेह का झूठा नैरेटिव फैलाकर नया राजनीतिक कट रच रही है — ऐसा आरोप भाजपा प्रदेशाध्यक्ष रविंद्र चव्हाण ने लगाया है।

    भाजपा की ओर से मविआ और मनसे के सत्य मोर्चे के जवाब में गिरगांव चौपाटी पर मूक आंदोलन आयोजित किया गया। पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं ने काले पट्टे बांधकर महाविकास आघाड़ी के खिलाफ प्रदर्शन किया।

    रविंद्र चव्हाण ने कहा —

    “महायुती सरकार जनता के सपनों का महाराष्ट्र बनाने में जुटी है, जबकि महाविकास आघाड़ी अराजकता फैलाकर राज्य को पीछे धकेलने की साजिश कर रही है। विदेशी फंडिंग और समाजविरोधी संगठनों की मदद से यह लोग अस्थिरता पैदा करना चाहते हैं।”


    लोढा का खुला चैलेंज

    भाजपा मंत्री मंगलप्रभात लोढा ने कहा —

    “अस्लम शेख, अमिन पटेल और अबू आसिम आज़मी के क्षेत्रों में कम से कम 5,000 बांग्लादेशी और रोहिंग्या मतदाता हैं। अगर यह दावा गलत साबित हुआ तो मैं इस्तीफा दूंगा — और अगर सही निकला तो इन्हें इस्तीफा देना चाहिए।”
    लोढा ने बताया कि इस मामले में वे सोमवार को चुनाव आयोग से औपचारिक शिकायत करेंगे।


    “यह असत्य का तमाशा है” — अमित साटम

    भाजपा विधायक अमित साटम ने कहा कि महाविकास आघाड़ी आत्ममंथन करने की बजाय झूठ फैलाने में लगी है।

    “मतदाता उन्हें नकार रहे हैं, और वे समाज में विभाजन पैदा करने की राजनीति कर रहे हैं,” उन्होंने कहा।


    शरद पवार की असुविधा पर सुप्रिया सुळे का गुस्सा

    सत्य मोर्चा रैली के दौरान एनसीपी अध्यक्ष शरद पवार को मंच तक पहुंचने में परेशानी हुई, जिससे सांसद सुप्रिया सुळे भड़क उठीं। पवार की गाड़ी मंच तक नहीं पहुंच पाई और उन्हें डिवाइडर पार करना पड़ा। सुळे ने आयोजकों को फटकार लगाई और पुलिस से बात कर वाहन को स्टेज तक बुलवाया।


    शर्मिला ठाकरे का भाजपा पर वार

    मोर्चे में शामिल शर्मिला ठाकरे (राज ठाकरे की पत्नी) ने सवाल उठाया —

    “जब हम चुनाव आयोग से सवाल करते हैं, तो जवाब भाजपा देती है। क्या चुनाव आयोग भाजपा का कार्यालय है?”
    उन्होंने भाजपा के मूक आंदोलन पर तंज कसते हुए कहा, “आपका आंदोलन तो मूक है, फिर इतनी बड़बड़ क्यों?”

    मोर्चे में अमित ठाकरे, उनकी पत्नी मिताली ठाकरे और बड़ी संख्या में मनसे कार्यकर्ता भी शामिल हुए।


    मानवता की मिसाल

    मोर्चे के दौरान एक एंबुलेंस के लिए भीड़ ने रास्ता खाली कर मानवीयता की मिसाल पेश की। वहीं, फैशन स्ट्रीट के दुकानदारों ने सुरक्षा के चलते अपने प्रतिष्ठान बंद रखे।

  • National Book Trust:गोरखपुर विश्वविद्यालय में पुस्तक महोत्सव का भव्य शुभारंभ, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ आचार्य पवन त्रिपाठी रहे उपस्थित

    National Book Trust:गोरखपुर विश्वविद्यालय में पुस्तक महोत्सव का भव्य शुभारंभ, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ आचार्य पवन त्रिपाठी रहे उपस्थित

    गोरखपुर, 1 दिसंबर: राष्ट्रीय पुस्तक न्यास (National Book Trust) के तत्वाधान में आयोजित “गोरखपुर पुस्तक महोत्सव” का उद्घाटन उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने किया। इस अवसर पर सिद्धिविनायक मंदिर ट्रस्ट, मुंबई के कोषाध्यक्ष आचार्य पवन त्रिपाठी विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।

    कार्यक्रम में लोकसभा सांसद रवि किशन शुक्ल, राष्ट्रीय पुस्तक न्यास के चेयरमैन मिलिंद मराठे, निदेशक युवराज मलिक, गोरखपुर विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. पूनम टंडन, वरिष्ठ प्रशासक अवनीश अवस्थी, विधायक प्रदीप शुक्ल, पूर्व मंत्री श्रीराम चौहान, विधायक विपिन सिंह, विमलेश पासवान और सरवन निषाद सहित कई गणमान्य अतिथियों की गरिमामयी उपस्थिति रही।

    उद्घाटन समारोह में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि “पुस्तकें समाज की चेतना को जीवित रखती हैं और एक सशक्त राष्ट्र निर्माण का आधार बनती हैं। गोरखपुर पुस्तक महोत्सव इस दिशा में एक प्रेरक पहल है।”

    आचार्य पवन त्रिपाठी ने अपने वक्तव्य में कहा कि “पुस्तकें केवल ज्ञान का साधन नहीं, बल्कि संस्कृति, मूल्य और परंपरा को आगे बढ़ाने का माध्यम हैं। ऐसे आयोजन भारतीय चिंतन को नई ऊर्जा देते हैं।”

    कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों, लेखकों और प्रकाशकों ने साहित्य और संस्कृति पर संवाद किया। महोत्सव में देशभर से आए प्रकाशकों और लेखकों ने अपनी पुस्तकों का प्रदर्शन किया, जिससे विश्वविद्यालय का परिसर ज्ञान और संस्कृति का केंद्र बन गया।

  • DCM Eknath Shinde News:उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने ठाणे में श्री विट्ठल की भव्य प्रतिमा का अनावरण किया

    DCM Eknath Shinde News:उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने ठाणे में श्री विट्ठल की भव्य प्रतिमा का अनावरण किया

    पुण्यश्लोक अहिल्यादेवी होलकर घाट, उपवन में आयोजन, परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक और सांसद नरेश म्हस्के उपस्थित

    ठाणे: उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे (DCM Eknath Shinde) ने ठाणे के पुण्यश्लोक अहिल्यादेवी होलकर घाट, उपवन(UpvanLake) में श्री सावला विट्ठल (VitthalStatue) की भव्य प्रतिमा का अनावरण किया। इस अवसर पर आयोजित समारोह में परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक, सांसद नरेश म्हस्के(NareshMhaskey), पूर्व विधायक रवींद्र फाटक, पूर्व महापौर एच.एस. पाटिल, और प्रसिद्ध कीर्तनकार निवृत्ती महाराज देशमुख (इंदोरीकर) सहित अनेक गणमान्य उपस्थित थे।

    उपमुख्यमंत्री शिंदे ने कहा कि “सावला विट्ठल की यह विशाल प्रतिमा उपवन क्षेत्र को पवित्रता और आध्यात्मिकता से भर देती है। अब ठाणे ने पंढरपुर का रूप धारण कर लिया है। यह केवल एक मूर्ति नहीं, बल्कि भक्ति और समर्पण का प्रतीक है।”

    उन्होंने आगे कहा, “मुख्यमंत्री रहते हुए मैंने अनेक जनकल्याणकारी योजनाओं और परियोजनाओं को गति दी, लेकिन आज का यह समारोह मेरे लिए सबसे विशेष है — क्योंकि यह समारोह जन-भावना, श्रद्धा और संस्कृति का उत्सव है।”

    शिंदे ने अपने संबोधन में बताया कि महाराष्ट्र संतों और वीरों की भूमि है। “छत्रपति शिवाजी महाराज की इस पवित्र भूमि पर वारकरी संप्रदाय हमारी संस्कृति की आत्मा है। जब मैं मुख्यमंत्री था, तब हमारी सरकार ने वारकरी दिंड्याओं (WarakariSampraday) को अनुदान देने, उनके लिए बीमा योजना लागू करने और दिंड्याओं को टोल-फ्री करने का निर्णय लिया था,” उन्होंने कहा।

    इस समारोह में नगर निगम के अतिरिक्त आयुक्त प्रशांत रोडे, उपनगर अभियंता सुधीर गायकवाड़, और कार्यकारी अभियंता संजय कदम भी मौजूद थे।

    परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक ने बताया कि “ऐसी चार भव्य प्रतिमाएँ स्थापित की जा रही हैं — इनमें से एक ठाणे के उपवन तालाब पर, एक राम मंदिर तालाब पर, और दो मीरा-भायंदर में स्थापित की जाएँगी।”

    समारोह के अंत में उपमुख्यमंत्री शिंदे ने संत परंपरा को नमन करते हुए कहा कि “गरीबों के देवता विट्ठल की यह प्रतिमा हमें निस्वार्थ सेवा और विनम्रता की प्रेरणा देती रहेगी।”

  • BULLET TRAIN: भिवंडी के 14 गांवों के किसानों को बुलेट ट्रेन की तर्ज पर मिलेगा मुआवज़ा

    BULLET TRAIN: भिवंडी के 14 गांवों के किसानों को बुलेट ट्रेन की तर्ज पर मिलेगा मुआवज़ा

    भिवंडी: विरार-अलीबाग कॉरिडोर परियोजना के लिए अधिग्रहित भिवंडी तालुका के 14 गांवों के किसानों के लिए एक बड़ी राहत की खबर आई है। अब इन किसानों को बुलेट ट्रेन परियोजना की तर्ज पर गुणांक 2 के अनुसार मुआवज़ा दिया जाएगा। महाराष्ट्र के राजस्व मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने इस संबंध में जिलाधिकारी श्रीकृष्ण पांचाल को प्रस्ताव तैयार कर महाराष्ट्र राज्य सड़क विकास महामंडल (MSRDC) को भेजने के निर्देश दिए हैं।

    यह फैसला लंबे समय से मुआवज़े में असमानता को लेकर आंदोलन कर रहे किसानों के लिए ऐतिहासिक जीत माना जा रहा है।

    14 गांवों के किसानों को मिला न्याय

    भिवंडी तालुका के अंजुर, दिवे अंजुर, आलिमघर, भरोडी, केवणी, कशेळी, काल्हेर, कोपर, डुंगे, वडुनवघर, खारबाव, मालोडी, पाये और पायगाव जैसे गांवों की जमीन विरार-अलीबाग कॉरिडोर परियोजना के लिए अधिग्रहित की गई थी। किसानों का आरोप था कि एक ही गांव में दो अलग-अलग दरों — गुणांक 1 और गुणांक 2 — पर मुआवज़ा तय किया गया था, जिससे असमानता और असंतोष बढ़ गया था।

    अब राजस्व विभाग ने निर्णय लिया है कि सभी किसानों को बुलेट ट्रेन प्रोजेक्ट के समान गुणांक 2 के हिसाब से मुआवज़ा दिया जाएगा। इसके साथ ही यह भी तय किया गया है कि भूदान समिति के नाम दर्ज ज़मीनों पर वर्षों से खेती करने वाले किसानों को 90% मुआवज़ा दिया जाएगा, जबकि राज्य सरकार को केवल 10% हिस्सा मिलेगा।

    पहले यह अनुपात 60:40 था, जिसके खिलाफ किसान लगातार संघर्षरत थे।

    बैठक में हुआ अहम निर्णय

    यह निर्णय मंत्रालय में आयोजित विशेष बैठक के दौरान लिया गया, जिसकी अध्यक्षता राजस्व मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने की। बैठक में पूर्व केंद्रीय राज्य मंत्री कपिल पाटिल, ज़िला परिषद के पूर्व सदस्य देवेश पाटिल, सुधाकर म्हात्रे, वैजयंती पाटील, मयुर पाटिल, संजय म्हात्रे, प्रदीप म्हात्रे समेत कई किसान प्रतिनिधि उपस्थित थे।
    जिलाधिकारी श्रीकृष्ण पांचाल ने बैठक में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से भाग लिया।

    किसानों ने इस निर्णय को अपनी “वर्षों की मेहनत और संघर्ष की जीत” बताया, जबकि कपिल पाटिल ने कहा —

    “यह निर्णय भिवंडी तालुका के किसानों के लिए ऐतिहासिक जीत है। सरकार के इस कदम से अब किसानों को न्याय और सम्मान दोनों मिलेगा।”